जयपुर लोकसभा सीट का टिकट लौटाने वाले सुनील शर्मा ने किया बड़ा खुलासा, कांग्रेस की राष्ट्रीय राजनीति में हड़कम्प
एनसीआई@जयपुर
आरएसएस समर्थक ‘जयपुर डायलॉग्स’ संस्था से कनेक्शन का आरोप लगने के बाद जयपुर लोकसभा सीट का टिकट वापस करने वाले वरिष्ठ कांग्रेसी सुनील शर्मा ने मंगलवार को बड़ा आरोप लगाया। सबूत पेश किए। इनसे उनकी उम्मीदवारी पर सवाल उठाने वाले पार्टी के राष्ट्रीय स्तर के नेता, तिरुवनंतपुरम से सांसद शशि थरूर बुरी तरह घिर गए। साथ ही पार्टी के स्थानीय स्तर की अंदरूनी प्रतिस्पर्धा की हकीकत भी सामने आ गई है।
सुनील शर्मा ने सिविल लाइंस स्थित अपने आवास पर मीडिया से बात करते हुए कहा- ‘शशि थरूर तो खुद जयपुर डायलॉग्स में आने को तैयार थे। वो इसके लिए मोलभाव कर रहे थे। साथ ही संस्था की तारीफ भी कर रहे थे।’ उन्होंने कहा-‘मैंने तो टिकट लौटा दिया, अब थरूर भी टिकट लौटाएं।’
शशि थरूर मोल-भाव कर रहे थे

शर्मा ने कहा- ‘शशि थरूर जयपुर डायलॉग्स के कर्ताधर्ता से खुद मोलभाव कर रहे थे। थरूर फाइव स्टार होटल में रुकवाने और फ्लाइट का बिजनेस क्लास टिकट देने पर जयपुर डायलॉग्स के कार्यक्रम में आने को तैयार थे।यही नहीं उन्होंने इस संस्था के कर्ताधर्ता संजय दीक्षित को जो जवाब दिया, उसमें देरी से जवाब देने पर माफी भी मांगी थी। इसका मतलब वे कितने उतावले थे, उनके कैसे रिश्ते रहे होंगे।’
मेरे पास दस्तावेजी सबूत, थरूर आने को तैयार थे

शर्मा ने कहा- ‘थरूर अक्टूबर 2018 में जयपुर डायलॉग्स में आने को तैयार थे। डेविड फ्रॉली के साथ उनका सेशन था। उन्होंने जो मोलभाव किया, उसके मैं दस्तावेजी सबूत दे रहा हूं। थरूर के दफ्तर से प्रोग्राम में आने के लिए बिजनेस क्लास टिकट और फाइव स्टार होटल की सुविधा मांगी गई थी।’
शर्मा का कहना है-‘जयपुर डायलॉग्स के कर्ताधर्ता संजय दीक्षित ने इन मांगों को मंजूर कर लिया था। थरूर को मैसेज किया तो उन्होंने उसे स्वीकार करते हुए अपने दफ्तर के इमेल एड्रेस पर निमंत्रण भेजने और बाकी औपचारिकताएं पूरी करने को कहा था।’
पार्टी को ब्लेकमैल करने वालों का पर्दाफाश करूंगा
शर्मा ने कहा- ‘मैं कांग्रेस में रहकर ऐसे लोगों का पर्दाफाश करूंगा, जो खुद को प्रोग्रेसिव बताकर पार्टी को ब्लेकमैल करते हैं। जो खुद मोलभाव कर रहे थे। जो इस संस्था की तारीफ कर रहे थे, वो मंच साझा करने पर मुझ पर सवाल उठा रहे थे। खुद करें तो रासलीला, बाकी करें तो करेक्टर ढीला।’ इसी के साथ सुनील शर्मा ने शशि थरूर और संजय दीक्षित के बीच हुई बातचीत के स्क्रीन शॉट भी मीडिया को उपलब्ध कराए।
थरूर जैसे लोगों ने मेरे खिलाफ पेड केम्पेन चलवाया, षड्यंत्र किया

सुनील शर्मा ने कहा- ‘ये ऐसे लोग हैं, जिन्होंने मेरे खिलाफ पेड केम्पेन चलाया। पेड केम्पेन चलाने वाले लोग यह चाहते थे कि कोई दूसरा बुद्धिजीवी चैलेंज नहीं करे। शशि थरूर जैसे लोग यही चाहते थे। ऐसे लोगों की कोशिश रहती है कि कांग्रेस को संसद में डिफेंड करने वाला कोई पढ़ा-लिखा नेता नहीं पहुंचे।’
संजय दीक्षित रहे कांग्रेस खेमे के अफसर
सुनील शर्मा ने कहा- ‘मैं रियल सेंस में चुनाव नहीं लड़ना चाहता था, लेकिन बड़े नेताओं ने टिकट दिया। जिस संजय दीक्षित से मेरा एसोसिएशन बताया गया, वो रिटायर्ड आईएएस थे। क्रिकेट एसोसिएशन के सचिव थे। यूपीए में मंत्री रहे नेता के साथ काम करते रहे। उस वक्त वो कांग्रेस खेमे के अफसर समझे जाते थे।’
शर्मा ने आगे कहा-‘इसलिए उनसे मित्रता स्वभाविक थी। उस वक्त उन्होंने 2016 में चैरिटी संस्था बनाई, एक ऐसा मंच बनाया, जहां दोनों पक्षों को सुना जाए। मुझे यह आइडिया इतना बुरा नहीं लगा। जब वो रिटायर हो गए तो उन्होंने अलग लाइन पकड़ ली, उसका मैं क्या कर सकता हूं। उन्होंने जो कम्पनी बनाई, उस कम्पनी से मेरा कोई लेना-देना नहीं है। दो चीजों को मिलाकर षड्यंत्र के तहत अलग तरह से पेश किया गया।’
