महाराणा प्रताप के बहाने किस पर तंज कर गईं वसुंधरा?, कहा-सांप से कितना भी प्रेम कर लो, जहर ही उगलेगा, लोग पीठ में छुरा घोंपने में माहिर होते हैं
एनसीआई@जयपुर
पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने कहा- महाराणा प्रताप का जीवन हमें बताता है कि सांप से कितना भी प्रेम कर लो, वह अपने स्वभाव के अनुरूप कभी न कभी तो आप पर जहर उगलेगा ही। सिर कटा लो, लेकिन दुश्मन के सामने कभी सिर मत झुकाओ। जब तक लक्ष्य प्राप्ति न हो जाए, तब तक जागते रहो।
वसुंधरा राजे रविवार को झालरापाटन में महाराणा प्रताप की प्रतिमा के अनावरण समारोह को सम्बोधित कर रहीं थीं। कार्यक्रम में बोल रही थीं। इस सम्बन्ध में उन्होंने अपने X हेंडल पर भी पोस्ट डाली है। पूर्व मुख्यमंत्री के यहां दिए गए बयानों का लोग अपने-अपने नजरिए से अर्थ निकाल रहे हैं।
पीठ पीछे वार नहीं करें
वसुंधरा ने कहा- बादल कुछ देर तो सूरज को अदृश्य कर सकते हैं, मगर सूर्य की दमक को रोकने का सामर्थ्य उनमें नहीं है। महाराणा प्रताप के जीवन से यह सीखना चाहिए कि पीठ पीछे वार नहीं करें, लोग पीठ में छुरा घोंपने में माहिर होते हैं। महलों में सोने वाले राजा को भी जंगल में कांटों पर सोना पड़ता है
निहत्थे पर वार नहीं करते थे महाराणा
वसुंधरा ने यहां आगे कहा-महाराणा प्रताप निहत्थे पर वार करने की बजाय अपने साथ दो तलवार रखते थे। एक अपने लिए और एक निहत्थे के लिए। महाराणा प्रताप के जीवन से हमें प्रेरणा लेनी चाहिए और समझना चाहिए कि समय का चक्र पहिए सा घूमता है। महलों में मखमल पर सोने वाले राजा को भी जंगल में कांटों पर सोना पड़ता है। महाराणा का जीवन दर्शन हमें यही सिखाता है।
उपचुनाव परिणाम पर ऐसे जताई खुशी
इसी क्रम में वसुंधरा ने आगे कहा- महाराणा का सिद्धांत था, अत्यंत विकट परिस्थिति में भी जो हार नहीं मानते हैं, जीत उन्हीं की होती है। जो सुख में अति प्रसन्न और संकट में डर कर झुक जाते हैं, उन्हें न तो सफलता मिलती और न ही इतिहास उन्हें याद रखता। इसके साथ ही पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा ने राजस्थान उपचुनाव के परिणामों पर खुशी जताते हुए कहा कि कहा कि 7 में से 5 सीटें जीतना कोई साधारण बात नहीं है।
