वैभव गहलोत के डिजिटल पोस्टर पर मच गया बवाल, सिर्फ पिता अशोक गहलोत की तस्वीर, बाकी सभी बड़े नेताओं के चेहरे गायब, यूजर्स कस रहे तंज
एनसीआई@जयपुर
लोकसभा चुनाव के लिए कांग्रेस के उम्मीदवारों की घोषणा के साथ ही अब पोस्टर और फोटुओं के मसले पर विवाद शुरू हो गया है। जालोर-सिरोही से कांग्रेस उम्मीदवार वैभव गहलोत के सोशल मीडिया पर लगाए गए डिजिटल पोस्टरों पर उनके पिता अशोक गहलोत को छोड़ राजस्थान के किसी भी नेता की फोटो नहीं होने से उन पर तंज कसे जा रहे हैं।


दरअसल, वैभव गहलोत ने जालोर-सिरोही लोकसभा सीट से उम्मीदवार घोषित होने के बाद आभार प्रकट करने और आज जालोर क्षेत्र में जनसम्पर्क के लिए सोशल मीडिया पर पोस्टर शेयर किया। इसमें गहलोत को छोड़ सभी बड़े नेताओं के फोटो गायब हैं। इस पूरे मामले को लेकर सियासी चर्चाएं शुरू हो गई हैं। टीका-टिप्पणियां की जा रही हैं, तंज कसे जा रहे हैं।
वैभव गहलोत के डिजिटल पोस्टर में प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा, प्रदेश प्रभारी सुखजिंदर सिंह रंधावा, नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली और सचिन पायलट के फोटो नहीं हैं। जबकि बाकी सभी उम्मीदवारों ने राजस्थान के इन चारों प्रमुख नेताओं के फोटुओं को भी शामिल किया है।
फूफाजी की फोटो भी भूल गए…..
• इस पर एक हेमपाल भूमला नामक यूजर ने लिखा- पिताजी के अलावा प्रदेश के और कोई नेता की फोटो सूटेबल नहीं है क्या वैभव जी ?


• रोहित नामक यूजर ने लिखा- प्रदेश अध्यक्ष का नाम सुना है, ऐसे फोटो गायब मत करो। मोरिया बोलता टाइम कोनी लाग, बाकी आप अपने हिसाब से देख लो।
• किशन गुर्जर ने लिखा- सचिन पायलट साहब की तो फोटो नहीं लगाई, कोई बात नहीं, पर संगठन के मुखिया के नाते गोविंद सिंह डोटासरा जी की तस्वीर तो लगाते श्रीमान।
• मनीष बुरड़क नाम के यूजर ने लिखा- भूल-चूक चलती रहती है, फूफाजी की फोटो भी भूल गए। एक अन्य यूजर ने लिखा- पीसीसी अध्यक्ष डोटासरा जी की फोटो लगा लेते, पायलट जी से नाराजगी है तो गहलोत साहब।
• राहुल बाटड़ लक्ष्मणगढ़ नाम के यूजर ने लिखा- ऐसे फोटो गायब मत करो…मोरिया बोलता टाइम कोनी लागी।
लगता है इनको लीडर की नजर से नहीं देखते
• इसी क्रम में एडवोकेट लोकेश ताम्रोली ने लिखा- प्रदेश कांग्रेस के मुखिया गोविंद सिंह डोटासरा जी, प्रदेश प्रभारी सुखजिंदर सिंह जी का भी फोटो पोस्टर में होना चाहिए था, लेकिन लगता है आप इनको लीडर की नजर से नहीं देखते।
• लक्ष्मण सिंह राठौड़ ने लिखा- पायलट को छोड़िए, डोटासरा, रंधावा, जूली की भी फोटो नहीं है।
• सुरेन्द्र गुर्जर सोजत ने लिखा- आप और आपके पापाजी मिलकर चुनाव जीत लीजिएगा, क्योंकि आपमें शर्म नाम की कोई बात नहीं है। अगर होती तो कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष व साथ ही पूर्व अध्यक्ष, राष्ट्रीय स्तर के नेता सचिन पायलट को भी पोस्टर में जगह देते, लेकिन आपको तो हारने का रिकॉर्ड बनाना है।
इसके विपरीत चूरू से उम्मीदवार राहुल कस्वां और चित्तौड़गढ़ से उम्मीदवार उदयलाल आंजना ने अपने पोस्टर में केन्द्रीय नेताओं के साथ ही प्रदेश के नेताओं की फोटो भी लगाई है।

ज्यादातर लोकसभा उम्मीदवारों ने सभी वरिष्ठ नेताओं की फोटो लगाई
वैभव गहलोत के अलावा अधिकांश उम्मीदवारों ने गहलोत, पायलट, डोटासरा, जूली सहित सभी वरिष्ठ नेताओं की फोटो लगाई हैं। सचिन पायलट समर्थक टोंक-सवाई माधोपुर से उम्मीदवार हरीश मीना, झुंझुनूं से उम्मीदवार बृजेंद्र सिंह ओला और जोधपुर से उम्मीदवार करण सिंह उचियारड़ा ने अपने पोस्टरों में केन्द्रीय नेताओं के साथ अशोक गहलोत, गोविंद सिंह डोटासरा, सुखजिंदर सिंह रंधावा, सचिन पायलट, टीकाराम जूली की फोटो लगाई हैं। भरतपुर से उम्मीदवार संजना जाटव ने भी राष्ट्रीय और प्रदेश के नेताओं के साथ अलवर, भरतपुर के प्रमुख नेताओं की फोटो भी पोस्टर में लगाई हैं।

आंजना ने सीपी जोशी की फोटो भी लगाई
चित्तौड़गढ़ से उम्मीदवार उदयलाल आंजना ने बाकी नेताओं के साथ सीपी जोशी की भी फोटो लगाई है। आंजना को सीपी जोशी खेमे का नेता माना जाता है।
राहुल कस्वां ने पायलट की भी तस्वीर लगाई
चूरू से कांग्रेस उम्मीदवार राहुल कस्वां ने पोस्टरों में कांग्रेस के केन्द्रीय नेताओं के साथ अशोक गहलोत, गोविंद सिंह डोटासरा और सचिन पायलट की फोटो भी लगाई हैं।
ललित यादव ने मगर ऐसा किया
अलवर से उम्मीदवार ललित यादव ने डिजिटल पोस्टरों में खुद के अलावा किसी और नेता की तस्वीर नहीं लगाई है।
