एसीबी के पूर्व डीजी बीएल सोनी बीजेपी में शामिल, कहा-‘कांग्रेस सरकार में संदिग्ध लोगों को दिया भर्ती का जिम्मा, 5 साल जमकर हुआ भ्रष्टाचार’
एनसीआई@जयपुर
एसीबी के पूर्व डीजी बीएल सोनी (भगवान लाल सोनी) ने मंगलवार को बीजेपी जॉइन कर ली। प्रदेश बीजेपी मुख्यालय में जॉइनिंग कमेटी के चेयरमैन अरुण चतुर्वेदी और चुनाव प्रबंधन समिति के चेयरमैन नारायण पंचारिया ने उन्हें बीजेपी की सदस्यता दिलाई।
बीजेपी जॉइन करने के बाद बीएल सोनी ने कहा कि पिछली सरकार में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने अपने निजी और राजनीतिक स्वार्थ के चलते युवाओं के हितों के साथ कुठाराघात किया। पूरे पांच साल सरकार में संस्थागत भ्रष्टाचार हुआ।

सोनी ने कहा- हर विभाग में केंसर की तरह मध्यस्थ हो गए थे। कोई अधिकारी, कर्मचारी या आम व्यक्ति उच्चतम स्तर पर समस्या बताना चाहता तो उसकी सीधी मुलाकात नहीं हो सकती थी। उसे मध्यस्थ के जरिए ही मुलाकात करनी पड़ती थी। कई जगह तो मध्यस्थ केबिनेट रेंक से भी ऊपर हो गए थे।
सोनी ने कहा कि कांग्रेस सरकार में जिन लोगों को भर्ती का जिम्मा दिया गया था, वे संदिग्ध आचरण के लोग थे। जिनकी वजह से आज पूरा राजस्थान शर्मसार हुआ है।
हमने ज्यादा कार्रवाई की तो संसाधन कम कर दिए
बीएल सोनी ने कहा कि मुझे करीब पौने तीन साल एसीबी में काम करने का मौका मिला। मेरे कार्यकाल में एसीबी ने सबसे ज्यादा कार्रवाई करने का रिकॉर्ड बनाया, लेकिन करीब 600 से ज्यादा प्रकरण ऐसे भी थे, जिसमें कार्रवाई से पहले हमने सरकार से अनुमति मांगी थी, लेकिन हमें अनुमति नहीं मिली।
वहीं, अगर हम किसी बड़े अधिकारी को पकड़ भी लेते थे तो सरकार से हमें अभियोजन की स्वीकृति नहीं मिलती थी। जब हमने भ्रष्टाचारियों पर ज्यादा कार्रवाई करनी शुरू की तो हमारे संसाधन कम कर दिए गए। हमें सरकार से पूरा लीगल सपोर्ट भी नहीं मिला।
बीएल सोनी ने कहा कि पेपर लीक के मामले में अब गठित एसआईटी अच्छा काम कर रही है। अब कितने भी रसूखदार लोग हों, मुझे लगता है कि अब वे बच नहीं सकते हैं।
जयपुर के पहले पुलिस कमिश्नर बने थे सोनी
रिटायर्ड आईपीएस भगवान लाल सोनी साल 1988 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं। वे जयपुर सहित कई जिलों में एसपी के पद पर रहे। सोनी जयपुर के पहले पुलिस कमिश्नर भी बने थे। 1 जनवरी 2011 को जयपुर पुलिस कमिश्नर का पदभार संभाला और करीब सवा दो साल इस पद पर रहे। अपनी पुलिस सेवा में डीजी जेल, डीजी क्राइम ब्रांच और डीजी एसीबी की जिम्मेदारी भी संभाली। सोनी 31 दिसम्बर 2022 को डीजी एसीबी के पद से रिटायर हुए। पुलिस सेवा के दौरान उन्हें पुलिस पदक और राष्ट्रपति पुलिस पदक से भी सम्मानित किया गया।
