एनसीआई@भीलवाड़ा
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत बुधवार शाम को भीलवाड़ा पहुंचे तो शहर में एक जगह भीड़ देखकर उनका काफिला रुक गया। मगर वहां लोगों ने गहलोत के सामने 'मोदी-मोदी' के नारे लगाने शुरू कर दिए। यह नजारा देख मुख्यमंत्री अपने वाहन से बाहर आए, मुस्कराकर नारेबाजी कर रहे लोगों का अभिवादन स्वीकार किया और आगे बढ़ गए।
दरअसल गहलोत बुधवार रात नगर परिषद के महाराणा प्रताप सभागार में मिशन 2030 को लेकर भीलवाड़ा जिले के उद्यमियों से संवाद करने पहुंचे थे। इसके बाद भीलवाड़ा सर्किट हाउस में रात्रि विश्राम के लिए रवाना हुए तो नगर परिषद के पीछे सरस्वती सर्किल पर काफी संख्या में युवा खड़े थे। जहां युवाओं को देखकर मुख्यमंत्री का काफिला रुक गया। इस दौरान युवाओं ने मुख्यमंत्री के सामने मोदी-मोदी के नारे लगाने शुरू कर दिए।
लगाए जय श्रीराम के नारे
इस पर मुख्यमंत्री अपनी गाड़ी से निकलकर सभी का हाथ जोड़कर अभिवादन करते हुए मुस्कुराते हुए वापस गाड़ी में बैठ गए और काफिला आगे बढ़ गया। मुख्यमंत्री का काफिला वापस शुरू होने के बाद युवाओं ने जय श्री राम के जयकारे भी लगाए। इस नारेबाजी से प्रशासन सकते में आ गया। मुख्यमंत्री की गाड़ी को चारों ओर से पुलिस के जवानों ने घेर लिया, लेकिन युवा मोदी- मोदी लगाते रहे।
पहले भी हो चुकी है इस तरह की नारेबाजी
यह पहली बार नहीं है जब गहलोत के सामने इस तरह ‘मोदी-मोदी’ के नारे लगे हों। इसी साल अप्रेल में राजस्थान रॉयल्स और लखनऊ सुपरजायंट्स का एक मुकाबला जयपुर में खेला गया था। सीएम गहलोत भी वह मैच देखने पहुंचे थे। जब वह दर्शक दीर्घा में बैठकर मैच का आनंद ले रहे थे तो स्टेडियम में लोगों ने उनके सामने ‘मोदी-मोदी’ के नारे लगाने शुरू कर दिए।
सोशल मीडिया में इसका वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें दिख रहा है कि अशोक गहलोत मैच देखने के लिए स्टेडियम में पहुंच रहे हैं और जैसे ही वह हाथ हिलाकर दर्शकों का अभिवादन स्वीकार करते हैं तो वहां बैठे कुछ दर्शक ‘मोदी- मोदी’ के नारे लगाना शुरू कर देते हैं। इन सबके बावजूद गहलोत मुस्कराते हुए आगे बढ़ जाते हैं।
मंदिर में भी लगे थे इसी तरह के नारे
इसके अलावा पिछले साल सितम्बर में जब सीएम गहलोत जैसलमेर के पास रामदेवरा में लोक देवता बाबा रामदेव मंदिर में दर्शन के लिए पहुंचे थे तो तब भी वहां पीएम मोदी के समर्थन में नारेबाजी हुई थी। तब भी सीएम गहलोत ने मंदिर में ‘मोदी-मोदी’ के नारे लगने के बावजूद कोई नाराजगी नहीं जाहिर की थी, बल्कि वो मुस्कराते हुए दिखाई दिए थे।
