हाईकोर्ट ने केजरीवाल को नहीं दी गिरफ्तारी से राहत, पूछा-ईडी के सामने पेश क्यों नहीं हो रहे?
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की एक याचिका पर आज हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। उन्होंने शराब नीति केस से सम्बन्धित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में पूछताछ के लिए जारी किए गए प्रवर्तन निदेशालय के समन को चुनौती दी थी। उन्होंने गिरफ्तारी से सुरक्षा मांगी थी, लेकिन कोर्ट ने इससे इनकार कर दिया।
एनसीआई@नई दिल्ली
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की याचिका पर दिल्ली हाईकोर्ट ने सुनवाई की। उन्होंने ईडी के समन के खिलाफ याचिका दायर की थी। इस पर कोर्ट ने पूछा कि आखिर वह एजेंसी के सामने पेश क्यों नहीं हो रहे हैं? उन्होंने कोर्ट से गिरफ्तारी से प्रोटेक्शन की मांग की थी, लेकिन कोर्ट ने फिलहाल राहत देने से इनकार कर दिया। इस पर अगली सुनवाई 22 अप्रेल को होगी।
अरविंद केजरीवाल के वकील अभिषेक मनु सिंघवी ने कोर्ट के सामने कहा कि वह एजेंसी के सामने पेश नहीं हो रहे हैं। पेश होने में कोई दिक्कत नहीं है, लेकिन उन्हें गिरफ्तार किया जा सकता है। सिंघवी ने सीएम केजरीवाल का पक्ष रखते हुए कोर्ट को बताया कि उन्हें (केजरीवाल) को 10 समन जारी किए गए।
बकौल सिंघवी, केजरीवाल ने समन पर अपना जवाब भी दिया। वह पूछताछ के लिए वर्चुअली पेश होने को तैयार हैं। सिंघवी ने कोर्ट को यह भी बताया कि ‘ईडी के सामने पेश होने में कोई दिक्कत नहीं है, बस गिरफ्तारी से प्रोटेक्शन चाहिए।’ अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा कि प्रवर्तन निदेशालय के सभी समन कानूनी प्रक्रिया और प्रावधानों के अनुसार नहीं हैं।
‘किस आधार पर भेजा गया समन?’
वकील सिंघवी ने सबसे पहले केजरीवाल को गिरफ्तारी से प्रोटेक्शन देने की गुहार लगाई। सिंघवी ने कहा कि राजनीतिक दल को पीएमएलए एक्ट मे परिभाषित ही नहीं किया गया है और ऐसे में समन किस आधार पर भेजा गया है? ईडी की तरफ से एएसजी एसवी राजू ने केजरीवाल की याचिका पर सवाल उठाया और कहा कि याचिका सुनवाई योग्य नहीं है और वह इस मामले में अपना जवाब दाखिल करेंगे।
प्रवर्तन निदेशालय के समन का मामला
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने प्रवर्तन निदेशालय के समन को दिल्ली हाईकोर्ट में चुनौती दी थी। उन्होंने केन्द्रीय एजेंसी द्वारा अब तक भेजे गए तमाम समन के खिलाफ याचिका दायर की थी। दिल्ली शराब नीति घोटाला केस में उन्हें एजेंसी ने पूछताछ के लिए 9 बार समन भेजा है, लेकिन वह पेश नहीं हुए। एजेंसी के एक्शन को उन्होंने ‘राजनीतिक रूप से प्रेरित’ करार दिया।
मुख्यमंत्री केजरीवाल की याचिका पर हाईकोर्ट में जस्टिस सुरेश कैत और जस्टिस मनोज जैन की बेंच ने सुनवाई की। हाल ही में राउज एवेन्यू कोर्ट से पूछताछ के लिए पेशी मामले में उन्हें जमानत मिली थी। इसके बाद केन्द्रीय एजेंसी ने शराब नीति केस से सम्बन्धित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में उन्हें 9वां समन जारी किया था। उन्हें 21 मार्च को पेश होने के लिए बुलाया गया था।
पेश नहीं होने पर ईडी पहुंची थी कोर्ट
राउज एवेन्यू कोर्ट ने दिल्ली सीएम को इन-पर्सन पेश होने के लिए कहा था। इसके लिए वह शनिवार को कोर्ट पहुंचे थे, जहां उन्हें जमानत मिल गई थी। जांच एजेंसी ने कोर्ट में दो याचिकाएं दायर की थी, जिसमें उनके खिलाफ मुकदमा चलाने की अपील की गई थी। इस केस में जमानत मिलने के अगले ही दिन एजेंसी ने उन्हें 9वां समन जारी किया था।
