April 26, 2026

News Chakra India

Never Compromise

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प पर एक बार फिर जानलेवा हमला, मगर कोई नुकसान नहीं, आरोपी शूटर गिरफ्तार

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प पर एक बार फिर जानलेवा हमला, मगर कोई नुकसान नहीं, आरोपी शूटर गिरफ्तार

एनसीआई@नई दिल्ली/सेन्ट्रल डेस्क

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प पर शनिवार रात एक बार फिर जानलेवा हमला हुआ है। रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रम्प वाशिंगटन के एक होटल में व्हाइट हाउस कोरेस्पॉन्डेंट्स के साथ डिनर में शामिल थे, तभी अचानक गोली चलने की आवाजें सुनाई दीं। इससे वहां बुरी तरह अफरा-तफरी मच गई। ट्रम्प को तुरंत सुरक्षित बाहर निकाला गया। सुरक्षा अधिकारियों के अनुसार, कार्यक्रम के दौरान 7 से 8 राउंड फायरिंग हुई, हालांकि इससे किसी को कोई नुकसान नहीं हुआ। आरोपी शूटर को तुरंत पकड़ लिया गया।

यह हमला ऐसे समय हुआ है जब ट्रम्प ईरान से जुड़े तनाव को लेकर पहले से ही घिरे हुए हैं। घटना के कुछ देर बाद ट्रम्प ने कहा कि ‘शूटर पकड़ा जा चुका है और कार्यक्रम जारी रहना चाहिए।’ बाद में व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने हमलावर को ‘बीमार’ बताया और कहा कि उसका मकसद अभी स्पष्ट नहीं है, हालांकि संदिग्ध का व्यवहार काफी संदिग्ध और असामान्य था।

राष्ट्रपति ट्रम्प ने बताया कि संदिग्ध करीब 50 गज दूर से दौड़ता हुआ आया, जिसके बाद सुरक्षा कर्मियों ने तुरंत हथियार निकालकर स्थिति संभाली. उन्होंने यह भी कहा कि अधिकारियों ने कैलिफोर्निया स्थित संदिग्ध के अपार्टमेंट पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है।

हालांकि ये पहले मामला नहीं है, जब ट्रम्प की सुरक्षा में बड़ी हुई हो। इससे पहले भी ट्रम्प पर हमले हो चुके हैं। घटना के बाद डोनाल्ड ट्रम्प ने देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि इस घटना ने अलग-अलग राजनीतिक विचारधाराओं के लोगों को एक साथ ला दिया है।

ट्रम्प पर सबसे गम्भीर हमला 13 जुलाई 2024 को पेंसिल्वेनिया की एक चुनावी रैली के दौरान हुआ था। उस समय डोनाल्ड ट्रम्प 2024 के राष्ट्रपति चुनाव में रिपब्लिकन उम्मीदवार थे। बटलर में आयोजित रैली के दौरान 20 वर्षीय थॉमस मैथ्यू क्रूक्स ने छत से AR-15 स्टाइल राइफल से फायरिंग की, जिसमें एक गोली ट्रम्प के दाहिने कान को छूकर निकल गई और उन्हें चोट लगी।

ट्रम्प ने तुरंत मुड़कर मुट्ठी दिखाई और ‘Fight! Fight! Fight!’ का नारा लगाया। इस हमले में एक ट्रम्प समर्थक कोरी कॉम्पेरेटोरे की मौत हो गई थी और दो अन्य घायल हुए थे। हमलावर क्रूक्स को सीक्रेट सर्विस के काउंटर-स्नाइपर ने मार गिराया था। ट्रम्प उस समय पूर्व राष्ट्रपति थे।

2024 में अमेरिकी एजेंसियों ने कुछ अंतरराष्ट्रीय साजिशों का भी खुलासा किया था। रिपोर्ट्स के मुताबिक, 2024 में ईरान से जुड़े कुछ तत्वों द्वारा ट्रम्प को निशाना बनाने की योजना की जानकारी सामने आई थी। हालांकि यह साजिश समय रहते नाकाम कर दी गई।

15 सितम्बर 2024 में फ्लोरिडा गोल्फ कोर्स में भी ट्रम्प को निशाना बनाया गया था। ट्रम्प वेस्ट पाम बीच के अपने गोल्फ क्लब में गोल्फ खेल रहे थे, तब 59 वर्षीय रयान वेस्ले राउथ ने AK-स्टाइल राइफल लेकर झाड़ियों में छिपकर निशाना साधा।
सीक्रेट सर्विस एजेंट्स ने संदिग्ध गतिविधि देखते ही कार्रवाई की और हमलावर को पकड़ लिया। गोली ट्रम्प तक नहीं पहुंची। राउथ को बाद में उम्रकैद की सजा सुनाई गई। ट्रम्प तब भी चुनावी अभियान चला रहे थे।

18 जून 2016 को भी ट्रम्प पर हमला हुआ था। उस समय डोनाल्ड ट्रम्प राष्ट्रपति नहीं, बल्कि रिपब्लिकन उम्मीदवार थे, जबकि अमेरिका के राष्ट्रपति बराक ओबामा थे। रैली के दौरान 20 वर्षीय ब्रिटिश नागरिक माइकल स्टीवन सैंडफोर्ड ने ऑटोग्राफ के बहाने एक पुलिस अधिकारी की पिस्तौल छीनने की कोशिश की, ताकि ट्रम्प पर हमला कर सके। हालांकि सुरक्षा बलों ने उसे तुरंत पकड़ लिया और कोई फायरिंग नहीं हुई।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प ने मीडिया कार्यक्रम में हुई गोलीबारी की घटना के पीछे के संदिग्ध का एक वीडियो शेयर किया है। ट्रुथ सोशल पर पोस्ट किए गए 24 सेकंड के इस क्लिप में, संदिग्ध को शनिवार को व्हाइट हाउस कॉरेसपोंडेंस्ट्स डिनर के सुरक्षा जांच केन्द्र की ओर तेजी से दौड़ते हुए दिखाया गया है। वीडियो में सीक्रेट सर्विस के एजेंट अपनी-अपनी जगह लेते हुए और अपनी बंदूकें संदिग्ध की ओर ताने हुए दिख रहे है। इसके बाद अधिकारी उस व्यक्ति की ओर तेजी से दौड़ पड़ते हैं।

ट्रम्प, जिन्हें कोई चोट नहीं आई थी, उन्होंने संदिग्ध शूटर की तस्वीरें भी शेयर की हैं। इन तस्वीरों में संदिग्ध हमलावर बिना शर्ट के जमीन पर गिरा हुआ है और उसके चारों ओर कानून प्रवर्तन अधिकारी मौजूद हैं। उसके हाथ उसकी पीठ के पीछे बंधे हुए थे।

हमलावर के पास कई हथियार थे- ट्रम्प

घटना के लगभग एक घंटे बाद व्हाइट हाउस में हुई एक प्रेस ब्रीफिंग के दौरान, ट्रम्प ने बताया कि सीक्रेट सर्विस द्वारा रोके जाने से पहले संदिग्ध के पास कई हथियार थे। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि संदिग्ध के पास एक शॉटगन, एक हेंडगन और कई चाकू थे। एक अधिकारी को गोली लगी थी, लेकिन बुलेटप्रूफ जैकेट पहने होने के कारण वह सुरक्षित बच गया।

हमले का ईरान युद्ध से कोई सम्बंध नहीं- ट्रम्प

ट्रम्प ने कहा, “उसे बहुत करीब से और एक बहुत ही शक्तिशाली बंदूक से गोली मारी गई थी, लेकिन जैकेट ने अपना काम बखूबी किया।” उन्होंने कहा कि उनका मानना है कि संदिग्ध शूटर एक था। उन्होंने संदिग्ध को एक पागल आदमी बताया और कहा कि उन्हें ऐसा मानने का कोई कारण नहीं दिखता कि इस हमले का ईरान के साथ चल रहे युद्ध से कोई सम्बंध है।

ट्रम्प ने बताया कि गोली चलाने वाला व्यक्ति उस बॉलरूम से काफी दूर था, जहां डिनर के लिए हजारों लोग इकट्ठा हुए थे। उन्होंने पत्रकारों से कहा, “वह बॉलरूम के दरवाजों तक पहुंचने के तो आसपास भी नहीं था।”

ट्रम्प, फर्स्ट लेडी और वेंस को सुरक्षित बाहर निकाला

अब ऑनलाइन कई ऐसे वीडियो सामने आए हैं, जिनमें सीक्रेट सर्विस के एजेंटों को ट्रम्प, फर्स्ट लेडी मेलानिया ट्रम्प और उपराष्ट्रपति जेडी वेंस को सुरक्षित बाहर निकालते हुए दिखाया गया है। वाशिंगटन हिल्टन होटल के बैंक्वेट हॉल में सीक्रेट सर्विस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों के अधिकारी तेजी से फैल गए, जबकि मेहमान डर के मारे मेजों के नीचे छिप गए।

कोल टॉमस एलन के रूप में हुई संदिग्ध की पहचान

समाचार एजेंसी एपी को दो कानून प्रवर्तन अधिकारियों ने बताया कि गोली चलाने वाले संदिग्ध की पहचान कैलिफोर्निया के टॉरेंस निवासी 31 साल के कोल टॉमस एलन के रूप में हुई है।

प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान ट्रम्प ने कहा कि गोली चलाने वाले का मकसद अभी स्पष्ट नहीं है, लेकिन उन्होंने कहा कि “जब वह जमीन पर गिरा हुआ था, तो वह काफी दुष्ट और खतरनाक दिख रहा था।” उन्होंने कहा कि शुरू में उन्हें लगा कि कोई ट्रे गिर गई है, वह आवाज काफी दूर से आ रही थी। लेकिन ‘फर्स्ट लेडी’ को पूरी तरह से एहसास था कि यह गोलीबारी की आवाज है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Copyright © All rights reserved. | Newsphere by AF themes.