एनसीआई@कोटा
खाद्य सुरक्षा दल कोटा की ओर से राखी के पर्व पर खाद्य सामग्री की खपत अधिक होने की वजह से मिलावट की आशंका के चलते सघन नमूनीकरण एवं निरीक्षण अभियान गुरुवार को भी जारी रहा। इसके तहत 6 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर तीन नमूने लिए गए। इन्हें खाद्य लेब भेज दिया गया। वहां से प्राप्त रिपोर्ट के आधार पर आगे कार्यवाही की जाएगी। ये नमूने पनीर, रसगुल्ला व मिल्क केक के लिए गए हैं।

560 किलो संदिग्ध मिल्क केक सीज, 22 नमूने लिए
इससे एक दिन पहले बुधवार, 26 अगस्त को मुखबिर से प्राप्त सूचना के आधार पर सिंधी कॉलोनी स्थित एक गोदाम का निरीक्षण किया। यहां 14 कर्टन में से प्रत्येक में 40-40 किलो अर्थात कुल 560 किलो मिल्क केक मिला। यह रिफाइंड तेल, लिक्विड ग्लूकोस, इलायची, मिल्क पावडर, मिल्क एवं शक्कर से बना हुआ था। प्रथमदृष्ट्या यह संदिग्ध लगा। इसके 4 नमूने लेकर जांच के लिए खाद्य प्रयोगशाला भिजवाए गए।
वहीं, गुमानपुरा में मावा व मिठाई की दो दर्जन दुकानों पर आकस्मिक निरीक्षण कर खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत मावा बर्फी, रसगुल्ला, मिल्क केक व मावा के 22.नमूने लेकर जांच के लिए भेज दिए। इसी के साथ 560 किलो संदिग्ध मिल्क केक को सीज कर लिया।
साफ-सफाई एवं गुणवत्ता सुधारने के लिए किया पाबंद
सभी प्रतिष्ठानों को राखी पर्व के मद्देनजर साफ-सफाई एवं गुणवत्ता सुधारने के लिए भी पाबंद करते हुए गुणवत्ता में सुधार करने को कहा गया। ऐसा नहीं करने पर fssai एक्ट के तहत नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। बाहर से आने वाले मावा व पनीर पर सतत निगरानी रखी जा रही है।

खाद्य प्रयोगशाला से प्राप्त रिपोर्ट के आधार पर आगे कार्रवाई की जाएगी। दोनों कार्रवाई करने वाले खाद सुरक्षा दल में खाद्य सुरक्षा अधिकारी संदीप अग्रवाल, अरुण सक्सेना, चंद्रवीर सिंह जादौन व मोजीलाल कुंभकार शामिल थे। ये कार्रवाई आयुक्त, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण राजस्थान के निर्देशन, अतिरिक्त आयुक्त भगवत सिंह व जिला कलक्टर व सीएमएचओ डॉ. नरेंद्र नागर के सुपरविजन में की गई।
