थप्पड़ कांड के बाद आरयू अध्यक्ष निर्मल चौधरी और महासचिव अरविंद जाजड़ा ने एक दूसरे को पहनाई माला, हाथ मिलाया
एनसीआई@जयपुर
थप्पड़ कांड के बाद राजस्थान यूनिवर्सिटी के छात्रसंघ अध्यक्ष निर्मल चौधरी और महासचिव अरविंद जाजड़ा में आज शनिवार को सुलह हो गई। दोनों ने एक-दूसरे से हाथ मिलाया और गले लगे। जाट समाज के लोगों ने दोनों के बीच विवाद को खत्म कराया है।
दरअसल, जाट समाज के विजय पूनिया ने राजस्थान यूनिवर्सिटी के छात्रसंघ अध्यक्ष निर्मल चौधरी और महासचिव अरविंद जाजड़ा को दोपहर 12 बजे मालवीय नगर स्थित जवाहर जाट छात्रावास में बुलाया। यहां दोनों छात्र नेताओं को साथ बैठाकर पूनिया ने समझाया।
पूनिया ने दोनों छात्र नेताओं से कहा- अभी आपका राजनीतिक जीवन शुरू होने जा रहा है। ऐसे में आपस में लड़कर समय न गंवाएं। दोनों को मिलकर छात्र हितों के लिए संघर्ष करना है। काफी देर तक समझाने के बाद निर्मल और अरविंद ने हाथ मिलाया और मुस्कुराते हुए गले मिले। साथ ही एक दूसरे को माला भी पहनाई।

सुलह के बाद निर्मल ने कहा- अरविंद ने माफी मांग ली है। ऐसे में मैंने सभी बातों को भूलकर उसे माफ कर दिया है। उन्होंने कहा कि अब उनके बीच कोई गिले-शिकवे नहीं हैं। पिछले दिनों उनके बीच जो भी हुआ, उसे वे भूल गए हैं। किसकी गलती थी और किसकी नहीं, हमें इस पर बात नहीं करनी है। रात गई, बात गई। मुझे अरविंद जाजड़ा से कोई शिकायत नहीं है। वहीं अरविंद का कहना है कि निर्मल उनका भाई है। दोनों मिलकर छात्र हितों के लिए संघर्ष करेंगे। इस दौरान जाट हॉस्टल अध्यक्ष भगत सिंह लोहागढ़, पूर्व विधायक रणवीर पहलवान के साथ समाज के कई लोग मौजूद थे।
यह था मामला
उल्लेखनीय है कि 23 जनवरी को महारानी कॉलेज छात्रसंघ कार्यालय के उद्घाटन समारोह के दौरान निर्मल और अरविंद के बीच झगड़ा हुआ था। मंच पर केन्द्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत और विधायक रामलाल शर्मा के सामने अरविंद जाजड़ा ने निर्मल चौधरी को थप्पड़ मारकर मंच पर नीचे गिरा दिया था। इसके बाद दोनों छात्र गुटों के बीच काफी मारपीट हुई थी। दोनों छात्र नेताओं का झगड़ा होने के बाद जाट समाज के लोग इन्हें एक करने में जुट गए थे।
एफआईआर में न महासचिव का नाम, न थप्पड़ का जिक्र
इस बवाल को लेकर महारानी कॉलेज के चीफ प्रॉक्टर डॉक्टर पूराराम ने अशोक नगर थाने में अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज करवाया था। महारानी कॉलेज की प्रिंसिपल मुक्ता अग्रवाल की अनुमति से दर्ज कराई गई एफआईआर में उन्होंने बताया था कि कॉलेज के छात्रसंघ कार्यालय के उद्घाटन के दौरान केन्द्रीय मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत व अन्य विशिष्ट अतिथि मंचासीन थे और कार्यक्रम चल रहा था। सभी भाषण पूरे हो गए थे और केन्द्रीय मंत्री शेखावत वहां से जाने वाले ही थे कि निर्मल चौधरी मंच पर पहुंचे। उसी समय कुछ दूसरे छात्र भी मंच पर आ गए। वहां लड़ाई-झगड़ा शुरू हो गया। ऐसे में केन्द्रीय मंत्री व अन्य अतिथियों को तुरंत प्रिंसिपल ऑफिस में सुरक्षित ले जाया गया। इस दौरान हुए बवाल में टेंट का काफी सामन तोड़ दिया गया। इस एफआईआर में जाजड़ा का नाम ही नहीं है और न ही थप्पड़ का जिक्र है।
