पार्टी का नहीं मिला साथ, सांसद किरोड़ी लाल मीणा नाराज, जयपुर रवाना होते समय उठाए सवाल
एनसीआई@जयपुर
राज्य की अशोक गहलोत सरकार के खिलाफ विभिन्न मुद्दों को लेकर पिछले कई दिनों से धरना दे रहे बीजेपी के वरिष्ठ नेता एवं राज्यसभा सांसद किरोड़ी लाल मीणा अपने आंदोलन को पार्टी का साथ नहीं मिलने से नाराज हैं। प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया पर उन्होंने वादा खिलाफी का आरोप लगाया है। प्रतियोगी परीक्षाओं के लीक हुए पेपर की सीबीआई से जांच कराने सहित अन्य मांगों को लेकर मीणा आगरा रोड पर 12 दिन से धरना दे रहे हैं। शनिवार को वे अपने समर्थकों के साथ जयपुर के शहीद स्मारक के लिए रवाना हो गए। जहां इनकी गृह राज्य मंत्री राजेन्द्र यादव से वार्ता होनी है। इससे पहले मीडिया से बात करते हुए सांसद मीणा ने अपनी भावना प्रकट की।
इस दौरान किरोड़ी लाल मीणा ने बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया पर ही सवाल उठा दिए। उन्होंने कहा- राजस्थान बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया भी मुझसे मिलने आए थे। उन्होंने कहा था कि कल से युवा मोर्चा प्रदेशभर में इस मामले पर विरोध प्रदर्शन करेगा। मगर एक भी जगह विरोध प्रदर्शन नहीं हुआ।
मीणा ने कहा- जिस मुद्दे पर सतीश पूनिया की अगुवाई में भारतीय जनता पार्टी को खड़ा होना था, मुझे दुख है, उस मजबूती से सतीश पूनिया और बीजेपी खड़ी नहीं हुई। सतीश पूनिया के पास राजस्थान बीजेपी की जिम्मेदारी है। वह पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष हैं। इस मामले पर बिल्कुल भी आक्रामक नजर नहीं आए। इस मामले पर मैंने आला नेताओं से भी बात की है।
पुलिस कमिश्नर पहुंचे, मगर नहीं बनी बात
सांसद मीणा के जयपुर रवाना होने की जानकारी पर जयपुर पुलिस कमिश्नर शनिवार को उनसे मिलने पहुंचे। मगर मीणा नहीं माने और शहीद स्मारक के लिए रवाना हो गए।
उल्लेखनीय है कि राजस्थान सरकार के खिलाफ राज्यसभा सांसद किरोड़ी लाल मीणा ने मोर्चा खोल रखा है। वह 12 दिन से जयपुर के आगरा रोड पर धरना दे रहे हैं। शनिवार को मीणा अपने समर्थकों के साथ शहीद स्मारक के लिए रवाना हो गए, जहां मीणा और गृह राज्य मंत्री राजेन्द्र यादव के बीच बातचीत होना प्रस्तावित है। मीणा ने कहा- जब तक सरकार युवाओं की चार मांगों को पूरा नहीं कर देती, हमारा आंदोलन जारी रहेगा।
बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष का वादा निकला झूंठा

गौरतलब है कि 31 जनवरी को बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष हिमांशु शर्मा के साथ मीणा के धरना स्थल पर पहुंचे थे। इससे उम्मीद थी कि संगठन के स्तर पर मीणा के आंदोलन को सपोर्ट करने के लिए राज्य पर में धरने प्रदर्शनों का आयोजन होगा, लेकिन ऐसा कुछ भी नहीं हुआ। इसी बात से नाराज होकर सांसद मीणा ने आज मुखर होते हुए बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया के खिलाफ यह मोर्चा खोला।
किरोड़ी लाल मीणा की ये हैं प्रमुख मांगें –
•रीट, कॉन्स्टेबल, आरएएस सहित 16 भर्ती परीक्षाओं के लीक हुए पेपरों के मामले की सीबीआई से जांच कराई जाए। इनसे 50 लाख से अधिक युवाओं का भविष्य असमंजस की स्थिति में आ गया है।
•राजस्थान में सरकारी नौकरियों में बाहरी राज्यों के युवाओं को तरजीह मिल रही है। इस वजह से ही प्रदेश के युवाओं के लिए रोजगार का संकट पैदा हो रहा है। ऐसे में प्रदेश की सरकारी नौकरियों में प्रदेश के युवाओं को ही 95% तक आरक्षण दिया जाए।
• 28000 कोविड स्वास्थ्य सहायकों (CHA) को फिर से नौकरी पर बहाल किया जाए। इसके साथ ही सभी सरकारी विभागों में रिक्त चल रहे लाखों पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाए।
•राजस्थान में भर्ती परीक्षा के दौरान दूसरे राज्यों की फर्जी डिग्रियों का इस्तेमाल किया जा रहा है। इसे रोकने के लिए प्रभावी रणनीति के तहत कार्रवाई की जाए।
