पाकिस्तान की सीमा पर बसे गांव में दाना चुगने आया संदिग्ध पक्षी, शरीर पर लगा मिला इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस, पंजे में मिला एंटिना, आईडी नम्बर के साथ अंग्रेजी में लिखा हुआ है अबुधाबी, सुरक्षा एजेंसियां कर रही जांच
एनसीआई@बाड़मेर
पाकिस्तान बॉर्डर से करीब 60 किलोमीटर दूर बाड़मेर के सदर थाना क्षेत्र के जीवानियों की ढाणी में शुक्रवार सुबह दस बजे करीब एक चबूतरे पर महिलाएं और बच्चे पक्षियों के लिए दाना डाल रहे थे। इस दौरान वहां दाना चुगने के लिए आए एक अजीब से पक्षी ने इन्हें हैरान कर दिया। ऐसा पक्षी इस इलाके में पहले कभी नहीं देखा गया था। इस पर लोगों ने पुलिस और वन विभाग को सूचना दी। संवेदनशील मामला होने के कारण विभिन्न सुरक्षा एजेंसिंयों की टीमें भी मौके पर पहुंच गईं। इस दुर्लभ प्रजाति के पक्षी को कब्जे में लेकर जांच शुरू की गई।

इसमें पक्षी के शरीर पर इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस लगे होने की बात सामने आई। पैरों में एक रिंग भी है, जिसे एंटिना बताया गया है। इसने मामले को और भी ज्यादा सनसनीखेज बना दिया है। मुरटाला ग्राम पंचायत के जीवानियों की ढाणी बाड़मेर जिला मुख्यालय से करीब 12 किलोमीटर दूर है।
इस दुर्लभ पक्षी के शरीर पर जो इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस लगा हुआ मिला है, उस पर आईडी 11146 लिखा हुआ है। इसके अलावा पैर में सिल्वर कलर की एक रिंग है। इस पर भी नम्बर व अंग्रेजी में अबुधाबी लिखा हुआ है।

पुलिस ने यह दी जानकारी
पुलिस के अनुसार सदर थाना इलाके के जीवानियों की ढाणी में महिलाएं व बच्चे चबूतरे पर पक्षियों को दाना डालने के लिए गए थे। चबूतरे के पास अनजान पक्षी देखने पर आसपास के लोगों ने पुलिस और वन विभाग को सूचना दी। जानकारी मिलने पर सदर थाना के सीआई सत्यप्रकाश मय पुलिस जाब्ता पहुंचे। वहीं वन विभाग की टीम भी पहुंची।

सीआई सत्यप्रकाश ने बताया- कंट्रोल रूम से सूचना के बाद हम मौके पर पहुंचे। एक पक्षी मिला है, जिसके पंजे पर एंटीना लगा हुआ है। उस पर अंग्रेजी में नम्बर अंकित हैं। इसे चैक किया तो इसके पंजे के अंदर एल्यूमिनियम जैसे पदार्थ की गोल सिल्वरनुमा रिंग मिली। इस पर भी नम्बर और अंग्रेजी में अबुधाबी लिखा हुआ है। हमने सुरक्षा एजेंसियों को सूचना दी। पक्षी को सुरक्षित और जिंदा रखने के लिए उसे वन विभाग को सौंप दिया है। सुरक्षा एजेंसियां इस एंटीना की जांच करके आवश्यक कार्रवाई करेंगी।

पक्षी की प्रजाति का पता नहीं चला
पुलिस ने बताया कि यह पक्षी सामान्यतया यहां नहीं पाया जाता है। दुर्लभ प्रजाति का पक्षी है। गूगल में सर्च करने पर इस पक्षी का नाम हाबुर आ रहा है। इसके बारे में अभी स्पष्ट कह पाना मुश्किल है। पक्षी विशेषज्ञ ही स्थिति साफ कर पाएंगे।
