राजस्थान: 5400 पदों पर नियुक्ति से रोक हटी, हाईकोर्ट ने याचिका लगाने वालों से कहा- आपने रिक्रूटमेंट को अटका दिया, जुर्माना लगाना चाहिए
एनसीआई@जयपुर
राजस्थान में जूनियर अकाउंटेंट और तहसील रेवेन्यू अकाउंटेंट भर्ती-2022 का रास्ता साफ हो गया है। राजस्थान हाईकोर्ट ने शुक्रवार को भर्ती में नियुक्तियां देने पर लगी रोक हटा दी। अब करीब 5400 पदों पर नियुक्ति दी जा सकेगी।
आज मामले की अंतिम सुनवाई करते हुए जस्टिस समीर जैन की अदालत ने रोक हटाई। इसके साथ ही भर्ती को चुनौती देने वाली सभी याचिकाओं को खारिज कर दिया।
याचिकाकर्ताओं पर नाराजगी जाहिर करते हुए कोर्ट ने कहा- आप लोग मेरिट में नहीं आ रहे, इसके बावजूद कोर्ट में याचिका लगाकर 5 हजार से ज्यादा लोगों के रिक्रूटमेंट को अटका दिया। आप पर जुर्माना लगाया जाना चाहिए।
अपने फैसले में कोर्ट ने माना कि सरकार नियमों के तहत ही भर्ती प्रक्रिया कर रही है। अदालत ने 23 फरवरी 2024 को भर्ती में नियुक्तियां देने पर रोक लगा दी थी।
अपात्र लोगों को शामिल करने का था मामला
याचिकाकर्ताओं ने यह कहते हुए भर्ती को चुनौती दी थी कि समान पात्रता परीक्षा (CET) में 18 से 40 साल तक के अभ्यर्थियों ने हिस्सा लिया था। वहीं, इस भर्ती परीक्षा में न्यूनतम आयु सीमा ही 21 वर्ष है, ऐसे में सरकार अपात्र लोगों को भर्ती में शामिल कर रही है।
राज्य सरकार ने दिया यह जवाब
राज्य सरकार की ओर से पैरवी करते हुए अतिरिक्त महाधिवक्ता बसंत सिंह छाबा सिंह छाह ने कोर्ट को बताया- भर्ती में लिखित परीक्षा के लिए पदों के मुकाबले 15 गुना ऐसे अभ्यर्थियों को बुलाया गया था, जिन्होंने स्नातक स्तर की समान पात्रता परीक्षा (CET) पास की है।
21 साल से ऊपर वालों को ही नियुक्ति दे रहे
सरकार ने कहा कि सीईटी केवल पात्रता परीक्षा है। हम लिखित परीक्षा मे मेरिट में आने वाले केवल उन्हीं अभ्यर्थियों को नियुक्ति दे रहे हैं, जिनकी उम्र 21 साल और इससे ऊपर है। हम भर्ती विज्ञापन में पहले से दी गई शर्तों के साथ ही पूरी प्रक्रिया को पूरा कर रहे हैं।
सरकार की ओर से कोर्ट में बताया गया कि अगर 21 साल से कम उम्र के लोगों को हटा दिया जाए, फिर भी याचिकाकर्ता मेरिट में नहीं आ रहे हैं। इस पर कोर्ट ने याचिका लगाने वाले अभ्यर्थियों पर नाराजगी जताई।
