लखनऊ : अलकायदा के दो संदिग्ध आतंकी गिरफ्तार, प्रेशर कुकर बम और हथियार बरामद
एनसीआई@लखनऊ
उत्तर प्रदेश एटीएस ने आज रविवार को लखनऊ के काकोरी इलाके से अलकायदा के दो संदिग्ध आतंकियों को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता प्राप्त की है। इनके पास से प्रेशर कुक बम और हथियारों के अलावा काफी मात्रा में महत्वपूर्ण दस्तावेज भी बरामद हुए हैं। इससे साफ है कि यह किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे।
अभी घर में कुछ और लोगों के छिपे होने की आशंका है, इसलिए यहां सर्च ऑपरेशन जारी है। खबर मिली थी कि काकोरी इलाके के एक घर में अलकायदा के आतंकी छिपे हैं, इसके बाद वहां छापेमारी की गई। सूचना के बाद यूपी एटीएस ने कमांडोज और भारी फोर्स के साथ काकोरी इलाके में छापेमारी की। फिलहाल पकड़े गए दोनों संदिग्धों से पूछताछ जारी है। जिस बिल्डिंग में छापा मारा गया था, वहां से एटीएस को काफी दस्तावेज भी बरामद हुए हैं।
पकड़े गए एक संदिग्ध का नाम शाहिद है, वह मलिहाबाद का रहने वाला बताया गया है। जिस मकान पर छापा पड़ा वह शाहिद का ही है। यहां वह परिवार के साथ रहता है और मोटर गैराज का काम करता है।
यह है बरामद हथियारों का विवरण
संदिग्ध शाहिद के घर के अंदर से दो प्रेशर कुकर बम व एक अर्ध निर्मित टाइम बम मिला है। अभी और अन्य लोगों के घर के अंदर छुपे होने की जानकारी पर एटीएस का सर्च ऑपरेशन जारी है। बताया जा रहा है कि ये लोग दो-तीन दिन में किसी बड़ी घटना को अंजाम देने वाले थे।
अलकायदा का यह है उत्तर प्रदेश कनेक्शन
अलकायदा ने साल 2014 इंडिया सबकॉन्टिनेंट का ऐलान किया था। खुफिया एजंसियों ने बाद में खुलासा किया था कि अलकायदा इंडिया सबकॉन्टिनेंट का चीफ उत्तर प्रदेश के सम्भल का रहने वाला है, जिसका नाम मौलाना असीम उमर है। बहुत पहले असीम उमर पाकिस्तान शिफ्ट हो गया था, जो बाद में अलकायदा से जुड़ गया। कुछ साल पहले मौलाना असीम उमर को अफगानिस्तान में अफगान एजेंसियों ने मार गिराया था। लेकिन अलकायदा के स्लीपर सेल्स को लगातार यूपी से पकड़ा जाता रहा है। इन्हें पकड़ने मे दिल्ली पुलिस समेत तमाम एजेंसियां शामिल रहती हैं।
करीब तीन साल पहले इसी इलाके में सैफुल्लाह एनकाउंटर हुआ था। 8 मार्च 2017 को करीब 11 घंटे चले ऑपरेशन में संदिग्ध आतंकी सैफुल्लाह को मारा गया था। उसके पास से कुछ हथियार और दस्तावेज बरामद होने की बात कही गई थी। बाद में इस एनकाउंटर के मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए गए थे।
