दहेज हत्या के आरोपी को 10 साल की सजा, शादी के 5 साल बाद पत्नी ने की थी आत्महत्या, 9 साल बाद आया फैसला
एनसीआई@कोटा
दहेज हत्या के एक 9 साल पुराने मामले में महिला उत्पीड़न क्रम-1 काेर्ट ने आरोपी पति को 10 साल के कारावास और 14 हजार रुपए के जुर्माने की सजा सुनाई है। विवाहिता से ससुराल वालों ने दहेज में बाइक और 70 हजार रुपए की मांग की थी। इससे परेशान होकर उसने 17 नवम्बर 2015 काे फांसी लगा ली थी।
जानकारी के अनुसार इस मामले में फरियादी पिता राम लाल ने महिला थाना पुलिस में शिकायत दी थी। इसमें बताया गया था कि उसकी बेटी लक्ष्मी की शादी 6 जून 2010 काे ताथेड़ में आयोजित हुए सामूहिक विवाह सम्मेलन में पृथ्वीराज से हुई थी। शादी के बाद से ही उसके सास, ससुर व पति पृथ्वीराज उससे बाइक व 70 हजार रुपए की डिमांड करने लगे। इससे तंग आकर बेटी लक्ष्मी ने 17 नवम्बर 2015 काे फांसी लगा कर आत्महत्या कर ली।
इस शिकायत पर महिला थाना पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। जांच के बाद पुलिस ने आरोपी पति काे गिरफ्तार कर काेर्ट में चालान पेश किया। काेर्ट में 25 गवाहों के बयान करवाए गए। इसके बाद आरोपी पति पृथ्वीराज, निवासी हरिपुरा, थाना सुल्तानपुर जिला कोटा को 10 साल के कारावास की सजा सुनाई गई।
