एनसीआई@कोटा
शहर में पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) के विस्तार के साथ कई क्षेत्रों में पीएनजी का नेटवर्क मजबूत हो गया है। इससे ये क्षेत्र तकरीबन एलपीजी फ्री जोन बन चुके हैं। पीएनजी को बढ़ावा देने एवं अधिकाधिक उपभोक्ताओं को पाइप लाइन गैस से जोड़ने के लिए जिला स्तरीय पीएनजी उपलब्धता समिति की बैठक मंगलवार को जिला कलक्टर पीयूष समारिया की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में पीएनजी नेटवर्क के विस्तार, नए कनेक्शन जारी करने तथा पीएनजी उपलब्ध क्षेत्रों में एलपीजी कनेक्शन सरेंडर करने सहित विभिन्न विषयों पर चर्चा की गई।
पीएनजी नेटवर्क वाले क्षेत्र लगभग एलपीजी फ्री जोन
बैठक में बताया गया कि शहर के सुभाष नगर, पंडित दीनदयाल नगर, समृद्धि नगर, रेल विहार, स्वामी विवेकानंद नगर, राजीव गांधी नगर, महालक्ष्मीपुरम आदि क्षेत्रों में बड़ी संख्या में पीएनजी कनेक्शन दिए जा चुके हैं। इसके चलते ये क्षेत्र लगभग एलपीजी फ्री जोन हो चुके हैं। जिला कलक्टर ने निर्देश दिए कि इन क्षेत्रों में शेष पात्र उपभोक्ताओं को भी पीएनजी से जोड़ने के लिए प्रभावी प्रचार-प्रसार किया जाए।

इन क्षेत्रों में हो गए 6 हजार कनेक्शन
टोरेंट गैस लिमिटेड की ओर से बताया गया कि सोगरिया, काला तालाब, भदाना, रायपुरा एवं अनंतपुरा क्षेत्रों में अब तक करीब 6 हजार पीएनजी कनेक्शन दिए जा चुके हैं। इन क्षेत्रों में पीएनजी नेटवर्क के विस्तार के साथ उपभोक्ताओं को पाइप लाइन के माध्यम से गैस उपलब्ध कराई जा रही है। जिला कलक्टर ने शेष पात्र उपभोक्ताओं को भी पीएनजी से जोड़ने के लिए आवश्यक प्रयास करने के निर्देश दिए।
पीएनजी लेने पर एलपीजी कनेक्शन सरेंडर करना होगा
जिला कलक्टर ने कहा कि आमजन को स्पष्ट रूप से जानकारी दी जाए कि जिन क्षेत्रों में पीएनजी गैस पाइप लाइन का नेटवर्क उपलब्ध है, वहां उपभोक्ताओं को एलपीजी गैस सिलेंडर कनेक्शन सरेंडर कर पीएनजी का उपयोग करना होगा। उन्होंने डीएसओ को निर्देश दिए कि वह एलपीजी डीलर्स से समन्वय कर उनके उपभोक्ताओं को पीएनजी नेटवर्क की उपलब्धता एवं कनेक्शन प्रक्रिया की जानकारी देकर पीएनजी अपनाने के लिए प्रोत्साहित करें।
आरएसजीएल, टोरेंट गैस एवं गैस डीलर्स करेंगे जागरूक
बैठक में जिला कलक्टर ने आरएसजीएल व टोरेंट गैस को ज़्यादा से ज्यादा लोगों को पीएनजी कनेक्शन देने के लिए मिशन मोड में कार्य करने को कहा। इसके लिए जिले के गैस डीलर्स के साथ समन्वय बैठक आयोजित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पीएनजी नेटवर्क वाले क्षेत्रों में एलपीजी कनेक्शन सरेंडर करने और पीएनजी पाइप लाइन से गैस लेने की प्रक्रिया को सरल एवं व्यवस्थित बनाया जाए तथा उपभोक्ताओं को इसके सम्बंध में पूरी जानकारी उपलब्ध कराई जाए।
एलपीजी सरेंडर करने पर मिलेगा ट्रांसफर वाउचर
बैठक में बताया गया कि जिन उपभोक्ताओं ने पीएनजी कनेक्शन ले लिया है, उनके लिए एलपीजी कनेक्शन सरेंडर करना आवश्यक है। एलपीजी कनेक्शन सरेंडर करने पर उपभोक्ता को ट्रांसफर वाउचर प्रदान किया जाएगा। भविष्य में यदि उपभोक्ता ऐसे क्षेत्र में स्थानांतरित होता है, जहां पीएनजी सुविधा उपलब्ध नहीं है तो वह इस ट्रांसफर वाउचर के आधार पर आसानी से नया एलपीजी कनेक्शन प्राप्त कर सकेगा। पूर्व में जमा सुरक्षा राशि का भी नियमानुसार समायोजन किया जाएगा।
नए पीएनजी कनेक्शन पर 500 रुपए की निःशुल्क गैस
राजस्थान स्टेट गैस लिमिटेड के डीजीएम एवं ओआईसी सीपी चौधरी ने बताया कि 15 अगस्त से नए पीएनजी कनेक्शन के लिए नई योजना शुरू की जा रही है। इसके तहत प्रत्येक नए कनेक्शन पर उपभोक्ता को 500 रुपए मूल्य की गैस निःशुल्क उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने बताया कि योजना से अधिकाधिक उपभोक्ताओं को पीएनजी कनेक्शन लेने के लिए प्रोत्साहन मिलेगा।
पीएनजी किफायती, सुरक्षित और सुविधाजनक
बैठक में बताया गया कि पीएनजी कनेक्शन एलपीजी की तुलना में अधिक किफायती, सुरक्षित एवं सुविधाजनक है। इससे उपभोक्ताओं को गैस सिलेंडर की बुकिंग, परिवहन एवं उपलब्धता से जुड़ी परेशानियों से राहत मिलती है।
मानसून में योजनाबद्ध तरीके से हो पाइप लाइन विस्तार
बैठक में बताया गया कि कुछ क्षेत्रों में अभी पीएनजी पाइप लाइन बिछाने का कार्य किया जाना है। जिला कलक्टर ने मानसून को देखते हुए केडीए के साथ समन्वय कर पाइप लाइन बिछाने सहित अन्य कार्य योजनाबद्ध तरीके से करने के निर्देश दिए, ताकि आमजन को किसी प्रकार की असुविधा का सामना नहीं करना पड़े।
पीएनजी कनेक्शन के लिए आवेदन प्रक्रिया सरल
बैठक में बताया गया कि जिन क्षेत्रों में पीएनजी नेटवर्क उपलब्ध है, वहां के नागरिक राजस्थान स्टेट गैस लिमिटेड (आरएसजीएल) की वेबसाइट के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त कोटा शहर में स्काई पार्क, बिग बाजार के सामने स्थित आरएसजीएल कार्यालय में जाकर भी पीएनजी कनेक्शन के लिए आवेदन किया जा सकता है।
बैठक में अतिरिक्त जिला कलक्टर शहर विनोद कुमार मल्होत्रा, डीएसओ कार्तिकेय मीणा, समिति के सदस्य सचिव एवं माइनिंग इंजीनियर आरएन मंगल, राजस्थान स्टेट गैस लिमिटेड के डीजीएम सीपी चौधरी, टोरेंट पावर से सुरेश तथा सम्बंधित विभागों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
