एनसीआई@सेन्ट्रल डेस्क
एंथ्रोपिक से इस्तीफा देने वाले 27 साल के एआई रिसर्चर जैकब कॉक्सन ने अपनी बातों से चिंता में डाल दिया है। उन्होंने कहा है कि एआई बनाने वाले लोग यह मानते हैं कि इस दशक के अंत तक एआई हम सभी का खात्मा कर सकता है। जैकब ने ओपनएआई और एंथ्रोपिक पर आरोप भी लगाया है।
उल्लेखनीय है कि एन्थ्रोपिक (Anthropic) एक अमेरिकी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) रिसर्च और सेफ्टी कम्पनी है, जिसे 2021 में OpenAI के पूर्व कर्मचारियों ने शुरू किया था।
मुख्य प्रोडक्ट: Claude
इसका सबसे मशहूर प्रोडक्ट ‘Claude’ है, जो एक एडवांस्ड AI चैटबॉट और लार्ज लैंग्वेज मॉडल (LLM) सीरीज़ है।
Claude का इस्तेमाल कोडिंग, लम्बे डॉक्यूमेंट्स का सारांश बनाने, ईमेल लिखने और डेटा का विश्लेषण करने के लिए किया जाता है।यह एक डिजिटल असिस्टेंट के तौर पर काम करता है, जो बिज़नेस के कामकाज (वर्कफ़्लो) को ऑटोमेट कर सकता है।
कम्पनी का विजन और मिशन
एन्थ्रोपिक का मुख्य फोकस ऐसी AI टेक्नोलॉजी विकसित करना है जो सुरक्षित, नियंत्रित करने योग्य और भरोसेमंद हो।
यह एक ‘पब्लिक-बेनिफिट कॉर्पोरेशन’ है, जिसका मतलब है कि यह बिज़नेस के कामकाज के साथ-साथ लोगों की सुरक्षा और नैतिक मानकों को भी प्राथमिकता देती है। इसे Google और Amazon जैसी बड़ी टेक कम्पनियों का समर्थन प्राप्त है।

27 साल के एआई रिसर्चर जैकब कॉक्सन ने एंथ्रोपिक से इस्तीफा देने के बाद जो बात कही है, उसने पूरी दुनिया में चिंता को बढ़ा दिया है। जैकब कॉक्सन ने X पर एक के बाद एक पोस्ट में कहा है कि एआई बनाने वाले लोग यह मानते हैं कि इस दशक (2030) के अंत तक एआई हम सभी का खात्मा कर सकता है।
जैकब ने चेतावनी देते हुए कहा है कि इस तकनीक की ताकत को कम मत आंकिए। ये जल्द ही ऐसे ‘सुपरह्यूमन’ सिस्टम बन जाएंगे, जो किसी भी चीज को हैक कर सकते हैं, रातों-रात किसी भी क्षेत्र में क्रांति ला सकते हैं और संसाधनों पर कब्जा कर सकते हैं। जैकब के दावों पर एंथ्रोपिक की प्रतिक्रिया भी सामने आई है।
जैकब कॉक्सन ने X पोस्ट में यह लिखा है –
तीन साल तक एआई रिसर्चर का काम करने वाले जैकब कॉक्सन ने अपने पोस्ट में लिखा- मैंने एंथ्रोपिक से इस्तीफा दे दिया है। पिछले तीन साल मैंने ओपनएआई और एंथ्रोपिक में ‘प्री-ट्रेनिंग रिसर्च’ करते हुए बिताए। जैकब का कहना है कि दोनों में से कोई भी कम्पनी जिम्मेदारी से काम नहीं कर रही है। एंथ्रोपिक और ओपनएआई तेजी से ‘सुपरइंटेलीजेंस’ एआई बनाने की होड़ में लगे हैं और हम सबकी जिंदगी से खिलवाड़ कर रहे हैं। – जैकब कॉक्सन
‘जो एआई का विकास कर रहे, उन्हीं में डर’
जैकब का कहना है कि एआई बनाने वाले लोग यह मानते हैं कि इस दशक (2030) के अंत तक एआई हम सभी का खात्मा कर सकता है। यह कोई मार्केटिंग का पैंतरा नहीं है। प्रेस और मीडिया के सामने इन कम्पनियों के लोग समझदारी भरी बातें करते हैं, लेकिन मैंने पर्सनल बातचीत में उन्हीं लोगों को एआई से डरते हुए सुना है। जैकब के अनुसार, इस तकनीक की ताकत को कम मत आंकिए। ये जल्द ही ऐसे ‘सुपरह्यूमन’ सिस्टम बन जाएंगे, जो किसी भी चीज को हैक कर सकते हैं। संसाधनों पर कब्जा कर सकते हैं।
तो ये कम्पनियां क्यों बना रहीं सुपरह्यूमन?
जैकब कॉक्सन ने अपने पोस्ट में लिखा है कि ओपनएआई में लोग अभी तक इसके खतरे की गम्भीरता को गहराई से समझ नहीं पाए हैं। एंथ्रोपिक में खतरा समझा तो जा रहा है,लेकिन रेस में पीछे छूट जाने का डर इसके भयानक नतीजों के डर पर भारी पड़ रहा है। यानी एंथ्रोपिक मजबूरी में ही सही, लेकिन रेस में लगी हुई है। जैकब ने इसे एक जुआ कहा है।
एआई कम्पनियों में काम कर रहे लोगों से अपील
जैकब ने एआई कम्पनियों में काम कर रहे लोगों से अपील करते हुए कहा है कि यह विचार करें कि अगले कुछ साल वास्तव में कैसे महसूस होंगे? क्या आप एआई के दिमाग को पूरी तरह समझे बिना एक सुपरइंटेलीजेंट सिस्टम की रेस शुरू करना चाहते हैं? क्या आपको यह सोचकर सिर झुकाकर काम करते रहना चाहिए कि यह तो होकर ही रहेगा। जैकब का कहना है कि हम इस ग्लोबल रेस को रोकने के सही रास्ते पर नहीं हैं।
इस पर एंथ्रोपिक का जवाब तो जबरदस्त डराने वाला
इस मामले पर एंथ्रोपिक का जवाब भी सामने आया है, जिसमें साफ स्वीकार किया गया है कि, हां…ऐसा हो सकता है। हमारे पास इससे बचाव की कोई तैयारी नहीं है।
दरअसल, कम्पनी के एलाइनमेंट साइंस लीड, इवान ह्यूबिंगर ने कहा कि जैकब सही कह रहे हैं। हम यह मानते हैं कि एआई सभी इंसानों को खत्म कर सकता है! मैं व्यक्तिगत रूप से मानता हूं कि अगले दशक में ऐसा होने की आशंका 10 प्रतिशत से अधिक है। मुझे लगता है कि एंथ्रोपिक अपनी ओर से पूरी कोशिश कर रहा है, लेकिन हमारे पास अभी तक सुपरइंटेलीजेंस को कंट्रोल करने की कोई ठोस योजना नहीं है।
