अपने पति सौरभ राजपूत की हत्या की दोषी मुस्कान और साहिल को मौत की सजा सुनाई गई है। सजा सुनते ही दोनों कोर्ट रूम में फूट-फूटकर रो पड़े।
एनसीआई@मेरठ
अपने पति सौरभ राजपूत हत्याकांड में दोषी मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल को मेरठ अदालत ने आज बुधवार को मौत की सजा सुनाई। मौत की सजा सुनाए जाने के बाद मुस्कान और साहिल बुरी तरह टूट गए। फांसी की सजा सुनते ही कोर्ट रूम में फूट-फूटकर रोने लगे।
मेरठ के सौरभ राजपूत हत्याकांड को ‘ब्लू ड्रम मर्डर केस’ के नाम से भी जाना जाता है। यह मार्च 2025 में हुआ एक सनसनीखेज हत्याकांड था। जेलर डॉ. वीरेश राज ने बताया कि दोनों आरोपी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जुड़े थे। सजा के बाद से वो गहरे सदमे में हैं। जेल प्रशासन ने उनकी काउंसलिंग कराई और निगरानी बढ़ा दी है।
मुख्य बातें और घटनाक्रम
सौरभ राजपूत मर्चेंट नेवी में काम करने के बाद लंदन में नौकरी करते थे और फरवरी 2025 में अपने परिवार से मिलने मेरठ लौटे थे। पुलिस के अनुसार, सौरभ की पत्नी मुस्कान रस्तोगी के अपने बचपन के दोस्त साहिल शुक्ला के साथ प्रेम सम्बंध थे। इसी बात को लेकर दोनों के बीच अक्सर विवाद होता था। यहां बड़ी बात यह है कि सौरभ और मुस्कान ने भी प्रेम विवाह किया था। मगर मुस्कान सौरभ के विदेश में रहने के कारण अपने बचपन के दोस्त साहिल शुक्ला के सम्पर्क में आई। इस बार उनकी निकटता प्रगाढ़ हो गई।
3 मार्च 2025 की रात को पूर्व योजना के अनुसार मुस्कान ने सौरभ के खाने में बेहोशी की दवा मिला दी। जब सौरभ बेहोश हो गए, तो साहिल और मुस्कान ने मिलकर चाकू से उनकी हत्या कर दी।
शव छिपाने का अपनाया यह तरीका
सौरभ राजपूत की हत्या के बाद शव के टुकड़े कर उसे सीमेंट के साथ एक नीले रंग के ड्रम में भरकर छिपा दिया गया। इसके बाद दोनों हिमाचल प्रदेश भाग गए।
खुलासा और गिरफ्तारी
सौरभ के काफी दिनों तक न दिखने पर उनके भाई राहुल कुमार ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। जांच के बाद पुलिस ने 19 मार्च 2025 को मुस्कान और साहिल को गिरफ्तार कर लिया और घर से शव बरामद किया।
अदालत का फैसला
14 अक्टूबर 2026 को मेरठ की एक अदालत ने मुस्कान रस्तोगी और साहिल शुक्ला को इस हत्याकांड में दोषी करार देते हुए मौत की सजा सुनाई है।
