फूड प्वाइजनिंग से 500 से अधिक बीमार, सामूहिक भोज में खाने से बिगड़ी तबीयत
एनसीआई@दौसा
जिले के सैंथल थाना क्षेत्र के रामबास गांव में दो दिन से जारी मृत्यु भोज के आयोजन में खाना खाने से 500 से अधिक लोग फूड प्वाइजनिंग का शिकार हो गए। आज बुधवार सुबह अचानक जब लोगों की तबीयत खराब होने लगी तो स्वास्थ्य विभाग को सूचना दी गई। इस पर विभाग के कर्मचारी तत्काल मौके पर पहुंचे और बीमार लोगों का मौके पर ही उपचार शुरू किया।
दौसा सीएमएचओ डॉ. सुभाष बिलोनिया ने बताया कि रामबास गांव में जैसे ही उन्हें फूड प्वाइजनिंग की सूचना मिली तो वह खुद तुरंत मौके पर पहुंचे। साथ ही कुंडल और सैंथल सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र की टीमों को मौके के लिए रवाना किया गया, तो वहीं तीतरवाड़ा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की टीम भी मौके पर पहुंची और मौके पर ही बीमार लोगों का उपचार शुरू किया गया। वहीं जिनकी तबीयत अधिक बिगड़ने लगी उन्हें सैंथल और कुंडल सीएचसी पर भर्ती कर उपचार किया गया। कुछ लोगों को दौसा जिला अस्पताल के लिए भी भिजवाया गया, जहां उनका उपचार जारी है।

पीड़ितों की ऐसी है हालत
सीएमएचओ डॉ. सुभाष बिलोनिया ने बताया गांव में 2 दिन से मृत्यु भोज का आयोजन चल रहा था। इसमें रामबास सहित आसपास के गांव के लोग खाना खा रहे थे। कल रात्रि में भी उन्होंने खाना खाया था, खाने में लड्डू पूरी सब्जी और बेसन के भुजिया की व्यवस्था थी। सुबह लोगों की जब तबीयत बिगड़ने लगी तो ग्रामीणों ने उन्हें फ़ूड पॉइजनिंग की सूचना दी। लोगों को जब उल्टी दस्त होने लगी तो ऐसे में तत्काल प्रभाव से मौके पर स्वास्थ्य महकमे की टीमों को रवाना किया गया। साथ ही खाने के भी नमूने लिए गए, जिन्हें जांच के लिए प्रयोगशाला भिजवाया जा रहा है। जांच के बाद पता लगेगा कि फूड प्वाइजनिंग का कारण क्या रहा, लेकिन फिलहाल फूड प्वाइजनिंग के शिकार सभी लोगों की हालत खतरे से बाहर है। कुछ लोगों को उपचार के बाद छुट्टियां दे दी गई तो वहीं कुछ लोगों का अभी भी उपचार जारी है। वहीं मौके पर स्वास्थ्य महकमें की टीम तैनात है।
