सुखदेव सिंह गोगामेड़ी हत्याकांड में पहली गिरफ्तारी, हत्यारों के जयपुर में रुकने की व्यवस्था की, वारदात के बाद बाइक पर बैठाकर ले गया
एनसीआई@जयपुर
श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी हत्याकांड में आज शनिवार को पहली गिरफ्तारी हुई है। इस मामले में शामिल रामवीर जाट (23) पुत्र सतवीर को जयपुर पुलिस ने शनिवार को उसके हरियाणा स्थित गांव से गिरफ्तार किया। वह हरियाणा के महेंद्रगढ़ जिले के सत्तनाली इलाके के सुरेती पिलानियां का रहने वाला है। रामवीर शूटर नितिन फौजी का पक्का दोस्त है।
रामवीर ने ही शूटर नितिन फौजी के लिए जयपुर में ठहरने आदि की पूरी व्यवस्था करवाई थी। 5 दिसम्बर को नितिन फौजी और रोहित राठौड़ ने सुखदेव सिंह गोगामेड़ी की श्याम नगर स्थित उनके घर पर अंधाधुंध फायरिंग कर हत्या कर दी थी। हत्या के बाद रामवीर अपनी बाइक से नितिन फौजी और रोहित राठौड़ को बगरू टोल प्लाजा से आगे तक ले गया था। वहां से राजस्थान रोडवेज के नागौर डिपो की बस में बैठाकर फरार करवाया।

इन आरोपियों ने बस में एक लड़के का फोन लेकर किसी को कॉल भी किया था। बस से डीडवाना पहुंचने के बाद भी दोनों शूटर ने एक ड्राइवर को कॉल किया और स्विफ्ट कार किराए पर ली। इसी कार से दोनों शूटर सुजानगढ़ तक पहुंचे। यहां से दिल्ली की बस में सवार होकर फरार हो गए।
नितिन फौजी के साथ एक ही स्कूल में पढ़ा
एडिशनल पुलिस कमिश्नर कैलाश चन्द्र बिश्नोई ने बताया कि हरियाणा में रामवीर सिंह और नितिन फौजी के गांव आसपास हैं। दोनों आरपीएस सीनियर सेकंडरी स्कूल महेंद्रगढ़ में 12 वीं कक्षा में एक साथ पढ़ाई करते थे। 12 वीं पास करने के बाद नितिन सेना में भर्ती हो गया। रामवीर ने जयपुर के मानसरोवर स्थित विल्फ्रेड कॉलेज से वर्ष 2017 से 2020 तक बीएससी और 2021 से 2023 तक कालवाड़ रोड स्थित विवेक पीजी कॉलेज से एमएससी (मैथ्स) की। रामवीर अप्रेल 2023 में एमएससी का अंतिम पेपर देकर गांव चला गया था।
नितिन नवम्बर में छुट्टी लेकर आया था
गोगामेड़ी पर फायरिंग करने का आरोपी नितिन आर्मी में है। उसके पिता कृष्ण कुमार फौज से रिटायर्ड हैं। नितिन का बड़ा भाई अशोक कुमार भी आर्मी में है। वह हरियाणा के महेन्द्रगढ़ के गांव दोगड़ा जाट का रहने वाला है। नितिन करीब 5 साल पहले फौज में भर्ती हुआ था। उसकी अलवर में 19 जाट बटालियन में पोस्टिंग है। वह 8 नवम्बर को दो दिन की छुट्टी लेकर गांव आया था। गांव में एक दिन ही रुका था। अगले दिन 9 नवम्बर को वह गाड़ी की सर्विसिंग कराने की बात कहकर घर से निकला था। इसके बाद वह न तो घर लौटा न ही परिवार के सदस्यों से फोन पर कोई बात हुई।
आरोपी पहले भी इन बदमाशों की कर चुका है मदद
9 नवम्बर को नितिन फौजी और उसके साथियों ने महेंद्रगढ़ में सदर थाना पुलिस पर फायरिंग की थी और फरार हो गए थे। तब भी रामवीर ने नितिन फौजी की जयपुर में होटल और अपने परिचित के फ्लेट पर रुकने की व्यवस्था की थी। शनिवार को पुलिस ने उसे उसके घर से पूछताछ के बाद गिरफ्तार किया।
करणी सेना के अध्यक्ष को घर में घुसकर गोलियां मारी थीं

5 दिसम्बर को दिन दहाड़े रोहित राठौर और नितिन फौजी ने गोगामेड़ी को उनके ही घर में अंधाधुंध फायरिंग कर मार डाला था। इसी के साथ इन आरोपियों ने उसी समय उन्हें गोगामेड़ी के घर स्कॉर्पियो में लेकर आए नवीन सिंह शेखावत को भी गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया था। मौके पर मौजूद गार्ड अजीत सिंह भी गोली लगने से गम्भीर घायल हो गए थे। इस वारदात के बाद गोगामेड़ी और नवीन सिंह को मेट्रो मास हॉस्पिटल ले जाया गया था, जहां डॉक्टरों ने इन्हें मृत घोषित कर दिया था। वहीं गार्ड अजीत सिंह का इलाज जारी है। गोगामेड़ी की हत्या के बाद मेट्रो मास अस्पताल के बाहर ही राजपूत समाज व उनके अन्य समर्थकों का धरना प्रदर्शन शुरू हो गया था। अगले दिन राजस्थान बंद रखा गया था। अभी एक आरोपी की गिरफ्तार के बाद राजस्थान पुलिस के सामने दोनों मुख्य आरोपियों की गिरफ्तारी बड़ी चुनौती है।
