राजस्थान: रामनवमी पर शोभा यात्रा की पाबंदी के बाद बैकफुट पर जिला प्रशासन, देर रात दी अनुमति, राम भक्तों में खुशी की लहर
एनसीआई@करौली
राजस्थान के करौली में जिला मुख्यालय पर इस बार भगवान राम की शोभायात्रा की तैयारी में जुटी आयोजन समिति को मंगलवार देर शाम उस समय धक्का लगा जब जिला प्रशासन ने शोभायात्रा निकालने की स्वीकृति नहीं दी। इससे आयोजन समिति और शोभायात्रा की तैयारी में जुटे राम भक्त नाराज हो गए। बात यहां तक होने लगी कि राजस्थान में भाजपा सरकार के रहते भी राम जन्मोत्सव के अवसर पर शोभायात्रा की स्वीकृति नहीं मिलती है तो कब मिलेगी। इसके बाद देर रात प्रशासन ने अपराह्न 3 बजे से यात्रा निकालने की अनुमति दे दी। तब जाकर राम भक्तों ने राहत की सांस ली।

इससे पहले मंगलवार देर शाम जिला मुख्यालय पर आयोजन समिति के संयोजक अशोक सिंह धावई ने प्रेस वार्ता कर कहा कि जिला प्रशासन की ओर से आचार संहिता का बहाना लेकर शोभायात्रा की स्वीकृति नहीं दी है। साथ ही आरोप लगाया कि शोभायात्रा के लिए 200 से अधिक लोग तैयारी में जुटे हुए थे, लेकिन जिला प्रशासन ने उन लोगों को एक-एक करके थाने पर बुलाकर डराया-धमकाया और पाबंद करने की धमकी दी।
डीजे वालों को किया गया पाबंद
धावई ने कहा-शोभायात्रा में डीजे नहीं बजे इसे लेकर भी डीजे वालों को नोटिस जारी कर पाबंद किया गया है। उन्हें कहा गया है कि कोई भी शोभायात्रा में डीजे नहीं बजाएगा, अन्यथा उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। देर शाम तक जिला प्रशासन से स्वीकृति नहीं मिलने पर आयोजन समिति संयोजक अशोक सिंह गुर्जर ने जिला प्रशासन की कार्रवाई को निराशाजनक बताते हुए कहा था कि 17 अप्रेल को रामनवमी के अवसर पर मुंशी त्रिलोकचंद माथुर स्टेडियम से निकलने वाली भव्य शोभायात्रा को स्थगित करने की जानकारी दी गई है।
आयोजन समिति से वार्ता में बनी सहमति
इसके बाद देर रात प्रशासन ने शोभायात्रा निकालने की अनुमति दे दी। अब तय कार्यक्रम के अनुसार अपराह्न 3 बजे निकलेगी।आयोजन समिति के वरिष्ठ पदाधिकारियों व पुलिस प्रशासन की सहमति बनने पर देर रात शोभायात्रा निकालने का फैसला लिया गया। इस बात की जानकारी आयोजन समिति संयोजक अशोक सिंह ने दी।
