सिद्धेश्वरनाथ मंदिर में भगदड़ से बड़ा हादसा, 7 श्रद्धालुओं की मौत, 12 से अधिक घायल
एनसीआई@जहानाबाद (बिहार)
सावन के चौथे सोमवार को बिहार के जहानाबाद में श्रावणी मेले के दौरान सिद्धेश्वरनाथ मंदिर में भगदड़ मच गई। इसमें 7 कांवड़ियों की दबने से मौत हो गई। वहीं 12 से अधिक लोग घायल हुए हैं। यह हादसा रविवार देर रात करीब 12 बजे हुआ।

पीड़ितों व अन्य प्रत्यक्षदर्शी श्रद्धालुओं से हुई बातचीत में इस हादसे के अलग-अलग कारण बताए गए हैं। इनमें एक कारण यह बताया गया है कि, मंदिर के पास फूल बेच रहे दुकानदारों का श्रद्धालुओं से झगड़ा हुआ था। इसके बाद ही मौके पर भारी अफरा-तफरी मच गई। इसके बाद श्रद्धालु एक-दूसरे पर चढ़कर आगे बढ़ने लगे। इससे कई लोगों की मौत हो गई।
वहीं, दूसरे कारण के अनुसार, लाठीचार्ज के कारण यह हादसा हुआ। बराबर की पहाड़ी पर श्रद्धालु एक तरफ से उतर और दूसरी तरफ से चढ़ रहे थे। यहां आपाधापी मचने पर व्यवस्था सम्भालने वाले वॉलंटियर्स लाठी भांजने लगे। इससे भगदड़ शुरू हो गई। इसके बाद जान बचाने की कोशिश में श्रद्धालु भागने लगे और दबते गए।

हालात सामान्य, दर्शन जारी
रात को हुए इस हादसे के बाद सोमवार सुबह तक मंदिर में हालात सामान्य हो गए थे। काफी संख्या में महिला-पुरुष श्रद्धालु महादेव को जल चढ़ाने व दर्शन करने आ रहे थे।

डीएम ने कहा-तैयारी पूरी थी
इस हादसे की जानकारी मिलते ही प्रशासन की टीम मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव में जुट गई थी। जहानाबाद डीएम अलंकृता पांडे ने कहा, ‘प्रशासन की ओर से तैयारी थी। मैं और एसपी रात 12 बजे ही मौके पर पहुंच गए थे। हालात को काबू में किया गया। स्थानीय दुकानदारों का श्रद्धालुओं से विवाद हुआ था। इस कारण यह स्थिति हुई। इसके अलावा मंदिर की भौगोलिक स्थिति भी ऐसी है कि यहां जरा-सी भगदड़ से बड़ा हादसा हो सकता है। हम हालात पर नजर बनाए हुए हैं। अब स्थिति नियंत्रण में है।’

ट्रेनी डीएसपी संगीता कुमारी ने यह कहा
ट्रेनी डीएसपी संगीता कुमारी ने कहा इस हादसे पर कहा- ‘अब स्थिति सामान्य है। रात में भी प्रशासन की ओर से व्यवस्था की गई थी। हादसे के कारण की जांच की जा रही है।’
विधायक ने कहा-प्रशासन ने लोगों को मारा
जहानाबाद से आरजेडी विधायक सुदय यादव ने कहा- ‘घटना के लिए जिम्मेदार जहानाबाद के डीएम और एसपी हैं। मगध का बाबाधाम कहा जाने वाले मंदिर में सावन मेले का उद्घाटन तो हुआ, लेकिन सुरक्षा नहीं दी जा रही है। वर्तमान सरकार में अधिकारी जनप्रतिनिधि से कोई सलाह नहीं लेते हैं। प्रशासन ने लोगों को मारा है।’

मृतकों में 5 महिलाएं शामिल
हादसे में मारे गए 7 लोगों में 5 महिलाएं शामिल हैं। इनमें गया जिले के मोर टेकरी की निवासी पूनम देवी, मखदुमपुर थाना क्षेत्र के लडौआ गांव की निशा कुमारी, जल बीघा के नाडोल की सुशीला देवी, नगर थाना क्षेत्र के एरकी गांव की निशा देवी हैं। एक मृतक महिला की पहचान नहीं हो पाई थी। पुलिस इसकी शिनाख्त की कोशिश में लगी हुई है। वहीं पुरुष मृतकों में राजू कुमार और प्यारे पासवान शामिल हैं।
सीएम ने किया 4-4 लाख की मदद का ऐलान
हादसे पर सीएम नीतीश कुमार ने दुख जताया है। उन्होंने कहा कि मृतकों के परिवार को 4-4 लाख रुपए की मदद दी जाएगी। मुख्यमंत्री ने घायलों के बेहतर इलाज के भी निर्देश दिए हैं।
