अवैध मदरसा संचालन व इसके नाम से अवैध वसूली की शिकायत, जांच के बाद जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी ने कार्रवाई के लिए एसपी को पत्र लिखा
एनसीआई@सोनभद्र (उत्तर प्रदेश)
रॉबर्ट्सगंज कोतवाली अंतर्गत कस्बा रॉबर्ट्सगंज निवासी अल्ताफ अहमद क़ादरी ने जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी सोनभद्र को जन सुनवाई पोर्टल के माध्यम से एक शिकायत की थी। इसमें उन्होंने अंजुमन इस्लामिया कमेटी के सदर मुश्ताक अहमद व सेकेट्री सिराजुद्दीन खान पर मैन मार्केट, जामा मस्जिद के पीछे भवन में अवैध रूप से मदरसा संचालित करने का आरोप लगाया था।

शिकायत में कहा गया था कि करीब पांच वर्षों से मदरसे में शिक्षार्थी अनाथ बच्चों के रहने, भोजन आदि की व्यवस्था के नाम पर अवैध वसूली कर रसीद काटने व कटवाने का काम चल रहा है। उन्होंने इससे सम्बंधित कुछ प्रमाण भी प्रस्तुत किए। इस पर संज्ञान लेते हुए जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी सुधांशु शेखर शर्मा ने जांच की। इसमें पाया गया कि प्रथम दृष्टया मदरसा दारूल उलूम नामक मदरसे को किसी सक्षम स्तर से मान्यता प्राप्त नहीं है। जांच में यह भी सामने आया कि अंजुमन इस्लामिया कमेटी सम्बंधित चिट फंड सोसाइटी वाराणसी में एक विवादित समिति है। इसका वर्ष 2004 से विवाद चल रहा है।वर्तमान में इस सोसाइटी की कोई वैध प्रबंध समिति समिति नहीं है। ऐसी स्थिति में वर्ष 2025 एवं पूर्व के वर्षों में कैलेंडर छपवाना, मदरसा एवं समिति का नाम लिखना, मुश्ताक अहमद को समिति का प्रेसिडेंट, नूर अहमद को कोषाध्यक्ष व सिराजुद्दीन खान को सचिव प्रदर्शित करना नियम संगत नहीं है।

सम्बन्धित प्रकरण में सख्ती दिखाते हुए जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी ने जांच के बाद आवश्यक कार्रवाई के लिए पुलिस अधीक्षक व अन्य सम्बंधित विभागों को पत्र लिखा है।
