पूर्व विधायक बिधूड़ी के खिलाफ रिटायर्ड एएसपी का अपहरण करने की कोशिश, मारपीट व लूट का केस दर्ज
एनसीआई@चित्तौड़गढ़
चित्तौड़गढ़ के बेगूं से पूर्व विधायक एवं कांग्रेस नेता राजेन्द्र सिंह बिधूड़ी सहित तीन लोगों के खिलाफ गंगरार थाने में एक रिटायर्ड एएसपी ने तीन साल पुराने मामले में अपहरण करने की कोशिश, मारपीट व लूट का केस दर्ज कराया है। इस्तगासे के आधार पर सोमवार रात को यह रिपोर्ट दर्ज की गई।
रिपोर्ट में पूर्व एएसपी पूरण सिंह (62) पुत्र मदन सिंह भाटी ने कहा है कि पूर्व विधायक बिधूड़ी और उनके साथियों ने मिलकर उनकी जमीन पर चल रहे काम को रोका। उस समय उनके विधायक होने के कारण पुलिसकर्मियों ने उनकी रिपोर्ट दर्ज नहीं की थी।
दरअसल पूर्व एएसपी पूरण सिंह भाटी, निवासी भीलवाड़ा ने न्यायालय में एक इस्तगासा पेश किया था। इसके बाद गंगरार थाने में सोमवार रात को मामला दर्ज किया गया। थाना अधिकारी मोतीराम सारण ने बताया कि बेगूं के पूर्व विधायक राजेन्द्र सिंह बिधूड़ी पुत्र हरिवंश सिंह गुर्जर निवासी रावतभाटा, देवड़ा गंगरार निवासी पप्पूलाल पुत्र चतरू गुर्जर व लाडुपुरा गंगरार निवासी रतन जाट पुत्र परशु जाट के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।

यह है मामला
गंगरार में पूरण सिंह भाटी की जमीन और उस पर एक फेक्ट्री है। इस फेक्ट्री की जमीन पर गोपाल सिंह भाटी का परिवार रहता है। वहां सुरक्षाकर्मी भी लगे हुए हैं। करीब 3 साल पहले फेक्ट्री की तारबंदी टूट जाने के कारण ठेकेदार सीमेंट के खम्भे और पट्टियों से चारदीवारी बनाने का काम कर रहे थे। 21 अगस्त 2021 को कर्मचारी जगदीश प्रसाद चारदीवारी का काम देखने के लिए गंगरार आया। इसी समय एक व्यक्ति उनके (भाटी) पास आया और बोला कि एसडीएम (तत्कालीन) नरेश गुर्जर बुला रहे हैं। इस पर कम्पनी के कर्मचारी जगदीश प्रसाद और चार्टर्ड अकाउंटेंट राकेश राठी एसडीएम के पास गए।
तभी तत्कालीन विधायक राजेन्द्र सिंह बिधूड़ी फेक्ट्री की जमीन पर पहुंचे और गाली-गलौच करने लगे। परिचय देने के बाद भी वह भाटी से मारपीट करने लगे। अन्य दो आरोपी भी उनके कई समर्थकों के साथ वहां पहुंच गए। इन सभी ने पूरण सिंह भाटी का किडनेप कर उनसे मोबाइल छीन लिया।
6 घंटे तक थानाधिकारी की कुर्सी पर बैठे रहे थे तत्कालीन विधायक
रिपोर्ट के अनुसार, इसके बाद मौके पर पुलिस जाप्ता पहुंच गया और भाटी को पुलिस जीप में बैठाकर गंगरार थाने ले गया। वहां भी तत्कालीन विधायक अपने समर्थकों के साथ आ गए और थाना अधिकारी की कुर्सी पर बैठकर गालियां देने लगे। वहां डरा धमका कर उन्हें थाने में बैठाए रखा। उस दौरान तत्कालीन डीएसपी कमल कुमार और तहसीलदार कुर्सियों पर बैठे रहे। यहां विधायक बिधूड़ी ने भाटी को उनकी भीलवाड़ा की जमीन छीन लेने की धमकी भी दी। उन्हें 6 घंटे तक थानाधिकारी की गैरमौजूदगी में थाने में बैठाए रखा। इसके अलावा बिधूड़ी ने डीएसपी कमल कुमार को भाटी को जेल में बंद कर देने को भी कहा।

आरोप है कि तत्कालीन विधायक राजेन्द्र सिंह बिधूड़ी ने रतन जाट के साथ षड़यंत्र रचकर कम्पनी की जमीन हड़पने की नियत से पहले फेक्ट्री और बाद में थाने में रिटायर्ड एएसपी से गलत व्यवहार किया। पीड़ित भाटी ने 25 अगस्त को जब थाने में मामला दर्ज करवाना चाहा तो राजेन्द्र सिंह विधूड़ी के डर से किसी भी पुलिसकर्मी ने मामला दर्ज नहीं किया। गौरतलब है कि इस मामले में तत्कालीन डीएसपी कमल प्रसाद और थाना अधिकारी एसएचओ शिवराज गुर्जर को सस्पेंड कर दिया गया था।
बिधूड़ी ने रिसीव नहीं किया कॉल
इस मामले पर पूर्व विधायक राजेन्द्र सिंह बिधूड़ी से उनका पक्ष लेने के उनसे सम्पर्क करने की कोशिश की, लेकिन उन्होंने कॉल रिसीव नहीं किया।
