April 23, 2026

News Chakra India

Never Compromise

अपनी मां-पत्नी और दो बेटियों के हत्यारे शिक्षक को उम्रकैद, पत्नी पर शक के चलते दिया था वारदात को अंजाम, पत्नी के बाद परिवार की देखभाल कौन करता, इसीलिए सबको मार डाला

अपनी मां-पत्नी और दो बेटियों के हत्यारे शिक्षक को उम्रकैद, पत्नी पर शक के चलते दिया था वारदात को अंजाम, पत्नी के बाद परिवार की देखभाल कौन करता, इसीलिए सबको मार डाला

एनसीआई@बाड़मेर

खुद की मां, पत्नी और 2 बेटियों के हत्यारे शिक्षक को 9 साल बाद जिला एवं सेशन न्यायाधीश ने सोमवार को उम्रकैद की सजा सुनाई। आरोपी पति शिक्षक ने पत्नी के अवैध सम्बंध का शक के चलते इस सनसनीखेज वारदात को अंजाम दिया था। इसके बाद वह खुद थाने पहुंचा और अपना जुर्म कबूल कर लिया था। इस मामले में बड़ी बात यह सामने आई कि आरोपी शिक्षक हत्या तो सिर्फ अपनी पत्नी की करना चाहता था, लेकिन अपनी मां और दोनों बेटियों को भी इसलिए मार डाला कि पत्नी के नहीं रहने पर बाकी परिवारजनों की देखभाल करने वाला भी कोई नहीं रहेगा। अदालत में पुलिस की ओर से 19 गवाह, 79 दस्तावेज और 18 आर्टिकल पेश किए गए थे।

सरकारी वकील दामोदर कुमार चौधरी ने बताया कि, 20 अक्टूबर 2016 की रात सरकारी टीचर राणाराम (44) ने अपनी 70 साल की मां पार्वती, पत्नी लाली देवी (40), बेटी देवी (14) और संतोष (12) की हत्या कर दी थी। उसके इस अपराध के लिए जिला एवं सेशन न्यायधीश अजिताभ आचार्य ने उसे उम्रकैद की सजा सुनाई है। इसके साथ ही 1 लाख रुपए का जुर्माना भी लगाया है।

सरकारी वकील चौधरी ने बताया, 21 अक्टूबर 2016 को पुलिस को राणाराम के चाचा राणासर निवासी श्रीराम ने रिपोर्ट दी थी। इसमें कहा गया था कि भतीजा राणाराम सरकारी प्राइमरी स्कूल कुम्हारों की बेरी में ग्रेड थर्ड टीचर है।सुबह रिटायर्ड फौजी रामधन उनके घर आए और कहा कि राणाराम उनके घर आया था और रो रहा था। कुछ गड़बड़ है, हमें उसके घर चलकर देखना चाहिए।

इस पर ये दोनों राणाराम के घर पर गए तो घर का नजारा देख कांप गए। वहां राणाराम की पत्नी पार्वती, मां लाली और बेटी देवी की लाशें खून से लथपथ चारपाई पर पड़ी थी। वहीं बड़ी बेटी संतोष की लाश आंगन में पड़ी थी।

थाने पहुंच कबूल कर लिया था जुर्म

सरकारी वकील ने बताया कि, राणाराम ने 20 अक्टूबर की रात 2 बजे के बाद हत्या की थी। इसके बाद वह रात भर लाशाें के बीच ही बैठा रहा। सुबह गांव से 15 किमी दूर धोरीमन्ना थाने पहुंचा। वहां उसने सरेंडर किया और जुर्म कबूलते हुए कहा कि मैंने चार मर्डर कर दिए हैं, मुझे गिरफ्तार कर लो। एक बार तो पुलिस को भी यकीन नहीं हुआ। जब उसके कपड़ों पर खून लगा हुआ देखा तो पुलिस राणासर कलां गांव पहुंची। वहां चारों परिजनों के शव देख चौंक गई।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Copyright © All rights reserved. | Newsphere by AF themes.