सीएम गहलोत के कार्यक्रम से एमएलए रहे गायब, नहीं भेजा था बुलावा, जिलाध्यक्ष बोले- पार्टी निर्देश पर उपचुनाव में लगा रखी है ड्यूटी
एनसीआई@नागौर
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत शुक्रवार को नागौर जिले की निम्बोला बिश्वा पंचायत में ‘प्रशासन गांवों के संग अभियान’ के तहत आयोजित शिविर में पहुंचे। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविन्द सिंह डोटासरा, विधानसभा अध्यक्ष सीपी जोशी, प्रदेश प्रभारी अजय माकन और जिला प्रभारी हरीश चौधरी भी उनके साथ मौजूद थे, लेकिन जिले के 6 कांग्रेसी विधायकों में से 5 विधायक नदारद रहे।
सीएम गहलोत के कार्यक्रम में जो कांग्रेसी विधायक मौजूद नहीं थे, उनमें लाडनू विधायक मुकेश भाकर, डीडवाना विधायक चेतन डूडी, जायल विधायक मंजू मेघवाल, परबतसर विधायक रामनिवास गावड़िया व नावां विधायक महेन्द्र चौधरी शामिल रहे। प्रदेश कांग्रेस में चल रही उठापटक के बीच 6 में से 5 विधायकों का सीएम गहलोत के कार्यक्रम में नहीं आना चर्चा का विषय बना हुआ है। चर्चा है कि इस कार्यक्रम के लिए ज्यादातर विधायकों को अधिकृत रूप से जानकारी नहीं दी गई। एक विधायक ने बताया कि उन्हें तो सोशल मीडिया से ही इस कार्यक्रम की जानकारी मिली।
मुझे जानकारी नहीं दी गई
डीडवाना विधायक चेतन डूडी ने बताया कि पार्टी निर्देशों पर वे लगातार वल्लभनगर विधानसभा के उपचुनाव में लगे हुए हैं। उन्हें एक दिन पहले देर शाम सोशल मीडिया के जरिए ही जानकारी मिली। मैं अपनी चुनाव ड्यूटी में व्यस्त था। मुझे सीएमओ या कहीं से कार्यक्रम में आने के लिए भी कोई अधिकृत सूचना या निर्देश नहीं दिए गए थे।
जिलाध्यक्ष का जवाब-चुनाव में लगा रखी है ड्यूटी
इस मसले पर बवाल मचा तो जिलाध्यक्ष जाकिर हुसैन गैसावत ने कहा कि अधिकतर विधायकों को उप चुनाव प्रचार की ड्यूटी में लगाया हुआ है। एकाध विधायक जयपुर मीटिंग्स में थे। इसके अलावा किसी विधायक को सीएमओ और पार्टी स्तर से भी कार्यक्रम में नहीं बुलवाकर अपने-अपने क्षेत्र में आयोजित शिविरों में जनता को लाभ पहुंचाने के निर्देश थे। डेगाना एमएलए विजयपाल मिर्धा ने भी सरकारी कार्यक्रम के चलते अपने स्तर पर किसी को नहीं बुलवाया था।
