जेडीबी कॉलेज कोटा की एमएससी प्राणी शास्त्र की छात्राओं ने किया शैक्षणिक भ्रमण, जैविक विविधता को समझने में मिली सहायता (वीडियो)
एनसीआई@कोटा
जेडीबी राजकीय कन्या महाविद्यालय की एमएससी प्राणी शास्त्र की छात्राओं ने कासिमपुरा मत्स्य केन्द्र, उदपुरिया प्राकृतिक जैविक स्थल तथा निमोदा के आगे सूखी चम्बल की जैविक विविधता के अध्ययन के लिए शैक्षिक भ्रमण किया।
कॉलेज के प्राचार्य डॉ. अजेय विक्रम सिंह चंदेल ने छात्राओं को हरी झंडी दिखाकर भ्रमण के लिए रवाना किया। इस अवसर पर उन्होंने बताया कि शैक्षिक भ्रमण विद्यार्थियों के लिए बहुत महत्वपूर्ण होता है। इस दौरान फील्ड वर्क में छात्राओं को बहुत कुछ सीखने को मिलता है, जो उनके जीवन पर अमिट छाप छोड़ता है ।
भ्रमण का इन्होंने किया नेतृत्व
इस शैक्षिक भ्रमण का नेतृत्व मत्स्य जीव विज्ञानी प्रो. मनीषा शर्मा, कीट विज्ञानी डॉ. जयश्री डावरे व परिवर्धन जैविकीविज्ञ डॉ. विकास जांगिड़ एवं नेचर गाइड एएच जैदी ने किया। इस दौरान एमएससी प्राणी शास्त्र की 50 छात्राओं ने सर्वप्रथम कासिमपुरा मत्स्य केन्द्र पर वैज्ञानिक विधि से मछली पालन के बारे में जानकारी प्राप्त की। आसपास की फ्लोरल, एंटमो, सरीसृप और एवियन जैवविविधता का अध्ययन किया।
उदयपुरिया जैविक तालाब में यह देखा
इसके बाद उद्पुरिया जैविक तालाब का अध्ययन किया। इसमें जलीय फ्लोरल, कीटों एवं प्रवासी जलीय पक्षी प्रजातियों तथा प्रवासी पक्षी ग्रे हेरोन की नेस्टिंग एवं प्रजनन, दैनिक व खाद्य स्वभाव के विभिन्न पहलुओं की जानकारी प्राप्त की। इसी क्रम में सूखी चम्बल एरिया में फ्लोरल, टेरेस्ट्रियल कीट एवं पेंटेड स्टार्क जैसी प्रजातियों का अध्ययन किया गया।
फील्ड वर्क पर ज्यादा फोकस लाभदायक
छात्राओं ने फील्ड स्टडी के फीडबैक सर्वे में बताया कि नई शिक्षा नीति के तहत फील्ड वर्क पर ज्यादा फोकस किया गया है। यह प्रेक्टिकल विषयों में सीखने के नए अवसर प्रदान कर करियर में लाभप्रद होगा। सभी छात्राएं फील्ड सर्वे पर एक लघुशोध लिखकर कॉलेज अथोरिटी को सबमिट करेंगी ।
