भूमि विकास बैंक के ऋण धारकों के लिए राहत की सौगात: एकमुश्त ऋण समाधान योजना लागू
एनसीआई@कोटा
राजस्थान के सहकारी भूमि विकास बैंक के ऋणधारकों के लिए बड़ी राहत की घोषणा की गई है। कोटा सहकारी भूमि विकास बैंक लिमिटेड के अध्यक्ष चैन सिंह राठौड़ ने बताया कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा द्वारा प्रस्तुत बजट सत्र में भूमि विकास बैंकों से 1 जुलाई 2024 तक अवशेष ऋण रखने वाले ऋण धारकों को राहत देने के लिए मुख्यमंत्री एकमुश्त समाधान योजना 2025 लागू की गई है।
इस योजना के तहत ऋण धारकों को बकाया मूलधन का भुगतान एक बार में कर छूट प्राप्त करने का अवसर मिलेगा। योजना से जुड़ी सभी जानकारियां सहकारिता विभाग, राजस्थान एवं राज्य सहकारी भूमि विकास बैंक लिमिटेड, जयपुर द्वारा विकसित ‘ओटीएस पोर्टल 2025’ पर उपलब्ध हैं। इस पोर्टल के माध्यम से ऋण धारकों को ब्याज, दंड शुल्क व अन्य व्ययों से राहत दी जाएगी।
अध्यक्ष चैन सिंह राठौड़ ने कहा कि “यह योजना राज्य सरकार द्वारा किसानों के हित में उठाया गया एक ऐतिहासिक कदम है। इससे न केवल किसानों को आर्थिक राहत मिलेगी, बल्कि वे एक बार फिर से आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ सकेंगे। मैं समस्त पात्र ऋणधारकों से निवेदन करता हूं कि वे समय रहते इस योजना का लाभ उठाएं और अपने भविष्य को सुरक्षित बनाएं।” उन्होंने आगे कहा कि यह योजना किसानों को ऋण के बोझ से मुक्ति दिलाने और उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास है।
ऑनलाइन आवेदन की सुविधा
पोर्टल पर सूचनाएं नियमित रूप से अपडेट की जा रही हैं और पात्र ऋण धारक पोर्टल के माध्यम से योजना का लाभ प्राप्त कर सकते हैं। इसके लिए ऋण धारकों को सम्बंधित बैंक शाखा में मृत्यु प्रमाण पत्र एवं नोमिनी का जनआधार कार्ड की प्रति जमा करवाना अनिवार्य है।
