बूंदी: पार्टी बैठक में भाग लेने पहुंचे पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष अग्रवाल पर होटल के बाहर जानलेवा हमला, भाजपाइयों में आक्रोश, पुलिस प्रशासन में हड़कम्प, गम्भीर हालत में कोटा रेफर
• पार्टी की बैठक में भाग लेने पहुंचे अग्रवाल पर होटल के बाहर कार में आए बदमाशों ने सरियों व लकड़ियों से किया हमला
• गम्भीर घायल अग्रवाल को वर्तमान भाजपा जिला अध्यक्ष रामेश्वर मीणा की कार में पहुंचाया जिला अस्पताल
• पुलिस प्रशासन में हड़कम्प, आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए जगह-जगह की नाकाबंदी
• वारदात के बाद चित्तौड़ रोड की तरफ फरार हुए आरोपी, सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस
एनसीआई@बूंदी
भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष सुरेश अग्रवाल पर शनिवार दोपहर लंका गेट स्थित एक होटल के बाहर कोटा नम्बर की क्रेटा कार में आए कुछ हमलावरों ने सरियों व लड़कियों से जानलेवा हमला कर दिया। इससे वह गम्भीर घायल हो नीचे गिर गए। कुछ ही मिनट में हमलावर इस वारदात को अंजाम देकर चित्तौड़ रोड की तरफ फरार हो गए। होटल के अंदर जैसे ही यह सूचना पहुंची, वहां मौजूद अन्य भाजपा कार्यकर्ताओं ने वर्तमान भाजपा जिला अध्यक्ष रामेश्वरम मीणा की कार से उन्हें जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां से उन्हें गम्भीर स्थिति को देखते हुए कोटा रेफर कर दिया गया है। उल्लेखनीय है कि सुरेश अग्रवाल बूंदी नगर परिषद की सभापति सरोज अग्रवाल के पति भी हैं।
इस घटनाक्रम के दौरान मौके पर भारी अफरातफरी की स्थिति पैदा हो गई थी। कुछ अनहोनी की आशंका भांप कर वाहन चालकों ने अपनी गाड़ियों को कुछ क्षण के लिए रोक लिया था। कुछ तो वापस लौट गए थे।

ऐसे चला घटनाक्रम
अग्रवाल दोपहर ढाई बजे करीब भाजपा की एक बैठक में शामिल होने लंका गेट स्थित होटल गणगौर पहुंचे थे। यहां वह अपना दुपहिया वाहन खड़ा करने के बाद गाड़ियों की आड़ में लघु शंका करने लगे। तभी वहां पहले से ही घात लगाकर खड़े हुए कोटा नम्बर वाली क्रेटा कार में बदमाश पहुंचे। उन्होंने तुरंत कार के दरवाजे खोलकर 4-5 बदमाशों ने अग्रवाल पर सरियों व लड़कियों से ताबड़तोड़ हमला करना शुरू कर दिया। कुछ वार उन्होंने अग्रवाल के सिर पर भी किए, मगर उन्होंने बचाव के लिए अपना हाथ आगे किया तो सिर तो बच गया, मगर हाथ पर गंभीर चोट आई और उसका काफी मांस तक बाहर निकल आया। कुछ वार बदमाशों ने उनके पैर पर भी किए। इससे एक पैर की हड्डियां पूरी तरह टूट गईं व पैर लटक गया। शरीर के कई अन्य हिस्सों पर भी काफी चोटें आई हैं। इस वारदात के तुरंत बाद एक भाजपा कार्यकर्ता चिल्लाते हुए होटल के अंदर पहुंचे और घटना की जानकारी दी। इस पर होटल के काउंटर पर ही खड़े हुए अनिल चौबीस उर्फ पिंटू, संजय लाठी आदि बाहर की ओर भागे। जिलाध्यक्ष रामेश्वर मीणा की कार में उन्हें उठाकर जिला अस्पताल ले जाया गया। वहां मरहम पट्टी के बाद उन्हें कोटा रेफर कर दिया गया।
पुलिस अधिकारी पहुंचे अस्पताल और लिए बयान
इधर, इस वारदात की जानकारी मिलते ही जिला प्रशासन व पुलिस में हड़कम्प मच गया। साथ ही भाजपाई आक्रोशित हो उठे। सूचना मिलते ही एसपी राजेन्द्र कुमार मीणा, एएसपी उमा शर्मा, डीएसपी अरुण मिश्रा और कोतवाली प्रभारी भंवर सिंह तत्काल अस्पताल पहुंचे और अग्रवाल से घटना की जानकारी ली। अग्रवाल पूरी तरह बातचीत करने की स्थिति में थे। उन्होंने विस्तार से घटना के बारे में बताया।
कोतवाली थाना पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंच मौका मुआयना किया। अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी गई है। एसपी मीणा ने बताया कि पुलिस हमलावरों की पहचान करने के लिए होटल गणगौर और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज देख रही है। उनकी गिरफ्तारी के लिए विभिन्न टीमें गठित कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी गई है।

नाकाबंदी कर संदिग्ध वाहनों की जांच
दूसरी ओर इस घटना से भाजपा कार्यकर्ताओं में खासा आक्रोश है। काफी संख्या में भाजपाई अस्पताल में एकत्र हो गए थे। इनमें निर्मल मालव भी शामिल थे। पुलिस ने जिले में तुरंत नाकाबंदी करवाई और संदिग्ध वाहनों की तलाशी शुरू कर दी। शहर के प्रवेश और निकास बिंदुओं पर पुलिस की चेकिंग बढ़ा दी गई। इस घटना का अभी तक कोई स्पष्ट कारण सामने नहीं आया है, मगर कुछ समय पूर्व हुए एक घटनाक्रम से इसे जोड़कर देखा जा रहा है। उस घटनाक्रम के तार भी कोटा से ही जुड़े हुए थे। इसी के साथ जिस कार में हमलावर आए, उसके नम्बर भी कोटा के ही थे। हालांकि इस नम्बर प्लेट के फर्जी होने की भी आशंका है।

