एनसीआई@कोटा
कनवास थाना क्षेत्र में कोटा-झालावाड़ नेशनल हाईवे-52 पर दरा स्टेशन के पास केमिकल से भरे एक टेंकर के ब्रेक लाइनर में अचानक आग लग जाने से धुआं निकलने लगा। गुरुवार दोपहर करीब साढ़े बजे ग्रामीणों ने यह नजारा देख ड्राइवर को इसकी जानकारी दी। इस पर ड्राइवर जलते हुए इस टेंकर को बाजार से करीब 400 मीटर दूर एक ढाबे तक ले गया। यहां ग्रामीणों और ढाबे के कर्मचारियों ने ट्यूबवेल चलाकर पानी से टेंकर में लगी हुई आग बुझाई।

जयपुर से उज्जैन जा रहा था टेंकर
दरा चौकी के कॉन्स्टेबल शेर सिंह ने बताया कि केमिकल से भरा टेंकर जयपुर के बगरू से उज्जैन की ओर जा रहा था। इसी दौरान दरा स्टेशन के पास चलते टेंकर के ब्रेक लाइनर में आग लग गई। टेंकर के ढाबे पर पहुंचते ही ढाबे के कर्मचारियों और ग्रामीणों ने फुर्ती से ट्यूबवेल चला पानी से आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। यह प्रयास सफल रहा। इससे समय पर आग बुझ जाने से टेंकर में भरे हुए केमिकल तक आग नहीं पहुंच पाई। इससे बड़ा हादसा टल गया। हालांकि टेंकर के पीछे के टायर जल गए। ड्राइवर ने बताया- टेंकर में पैराथिन नाम का गाढ़ा केमिकल भरा हुआ था। यह आग को धीरे-धीरे पकड़ता है।

मुकुंदरा टनल में एंट्री बैन होने से हाईवे पर आया टेंकर ड्राइवर
मुकंदरा ढाबा संचालक महेंद्र गुर्जर ने बताया कि टेंकर ड्राइवर गोपालपुरा से दिल्ली-मुम्बई एक्सप्रेस वे की तरफ गया था। वहां टोल नाके वालों ने केमिकल से भरे टेंकर का मुकंदरा टनल में प्रवेश निषेध बताया। इससे ड्राइवर गाड़ी को नेशनल हाईवे 52 की तरफ ले आया। केमिकल से भरे इस टेंकर में आग लग जाती तो आसपास के क्षेत्र में बड़ा खतरा हो सकता था। आग बुझ जाने के काफी देर बाद दमकल गाड़ी मौके पर पहुंची।

