पूर्व विधायक, आरपीएस अधिकारी सहित 9 के खिलाफ पॉक्सो का केस दर्ज, पीड़िता का आरोप-मेरी नाबालिग बेटी से भी करते थे छेड़छाड़
एनसीआई@बाड़मेर
बाड़मेर के पूर्व विधायक एवं कांग्रेस नेता मेवाराम जैन, एक आरपीएस अधिकारी सहित 9 लोगों के खिलाफ पॉक्सो एक्ट में मामला दर्ज हुआ है। पीड़िता का आरोप है कि जैन और उसके साथी रामस्वरूप ने उसके साथ रेप और उसकी नाबालिग बेटी के साथ भी अश्लील हरकत की। वहीं, आरपीएस सहित बाकी 7 लोगों ने झूठे केस में फंसाकर लगातार प्रताड़ित किया।
पीड़ित महिला ने जोधपुर के राजीव गांधी नगर थाने में बुधवार देर शाम मामला दर्ज करवाया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मेवाराम जैन के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ED) भी जांच कर रहा है। वहीं, मेवाराम ने अक्टूबर में कुछ लोगों के खिलाफ शिकायत देते हुए आरोप लगाया था कि एक गिरोह उन्हें ब्लैकमेल कर रहा है।
दो साल पहले रेप करने का आरोप
थानाधिकारी शकील अहमद के मुताबिक 2021 में महिला बस में पचपदरा अपने पिता के इलाज के लिए जा रही थी। बस में आरोपी रामस्वरूप मिला, उसने महिला से दोस्ती की और फिर उसे किसी होटल में ले जाकर उसे नशे की गोलियां दीं और फिर रेप किया। रेप के दौरान उसने वीडियो और फोटो भी बना लिए। इसके बाद वह उसे ब्लैकमेल करने लगा और फोटो व वीडियो वायरल करने की धमकी देकर कई बार रेप किया। इसके बाद उसने पूर्व विधायक मेवाराम जैन से मिलवाया तो उसने भी रेप किया। महिला बदनामी के कारण डरी हुई थी, ऐसे में उस पर अन्य महिलाओं को भी लाने के लिए दबाव बनाया गया। आरोप है कि महिला के घर उसकी सहेली आई थी, तभी आरोपी आए और उसकी सहेली के साथ भी रेप किया।

पूर्व विधायक, उपसभापति, डिप्टी, कोतवाल सहित 9 आरोपी
रिपोर्ट में आरोप लगाया है कि आरोपी उसकी 15 साल की नाबालिग बेटी के साथ भी छेड़छाड़ करते थे। जैन और रामस्वरूप ने कई बार रेप किया। रामस्वरूप ने कई बार बाड़मेर होटल में ले जाकर भी रेप किया। बेटी के साथ हुई हरकत के बारे में जब महिला को पता चला तो उसने बाड़मेर के कोतवाली थाने में जाकर केस दर्ज करने की गुहार लगाई तो वहां केस दर्ज करने के बजाय उसे प्रताड़ित किया गया। वहां के थानाधिकारी, एसआई और आरपीएस अधिकारी उसे प्रताड़ित करते थे।
महिला का आरोप है कि आरोपियों ने उसके साथ तो रेप किया ही साथ ही उसकी सहेली को भी शिकार बनाया। उसकी बेटी के सामने अश्लील हरकत करतें करते थे और जब वह घर पर नहीं होती थी तो उसकी बेटी के साथ छेड़छाड़ करते थे। महिला ने पुलिसकर्मियों पर केस दर्ज करने में बाधा उत्पन्न करने और उसे धमकाने का भी आरोप लगाया है।
इधर, महिला की शिकायत पर पुलिस ने पूर्व विधायक मेवाराम जैन सहित आरपीएस अधिकारी आनंद राजपुरोहित, कोतवाली थानाधिकारी गंगाराम खावा, एसआई दाऊद खान, रामस्वरूप आचार्य, उपसभापति सुरतान सिंह, प्रधान गिरधर सिंह सोढ़ा, प्रवीण सेठिया और गोपालसिंह राजपुरोहित के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
ईडी ने 15 नवम्बर को की थी शिकायत दर्ज
15 नवम्बर को ईडी जयपुर ने बाड़मेर के पूर्व विधायक मेवाराम जैन की ओर से दर्ज कराई गई सेक्सटॉर्शन की शिकायत के सम्बंध में धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) का मामला दर्ज किया था। हाल ही में सोशल मीडिया पर उनकी कुछ तस्वीरें सामने आने के बाद उन्होंने दावा किया था कि यह फोटो एडिटेड हैं।
इसके बाद जैन ने बीते दिनों कोतवाली में एफआईआर दर्ज करवाई थी। इसमें आरोप लगाया था कि उन्हें ब्लैकमेल किया जा रहा है। मेवाराम जैन ने बाड़मेर पुलिस में जो एफआईआर दर्ज करवाई है, उसी के आधार पर ईडी मनी ट्रेल की जांच कर रही है। इस सम्बन्ध में एक पीएमएलए का मामला दर्ज किया है, क्योंकि यह पता चला है कि लगभग 5 करोड़ रुपए का ट्रांजेक्शन किया गया था।
पूर्व विधायक ने दर्ज कराया था यह मामला
पूर्व विधायक मेवाराम जैन पर जब आरोप लगे तो उन्होंने 30 अक्टूबर को बाड़मेर के कोतवाली थाने में ब्लैकमेल करने का मामला दर्ज करवाया था। उनका आरोप था कि लम्बे समय से दयालराम पुत्र घेवरराम निवासी जोलियाली, शैलेंद्र अरोड़ा वकील व एक अन्य महिला सहित कुछ लोगों का एक गिरोह उन्हें ब्लैकमेल कर रहा है। वर्तमान में मैं बाड़मेर विधानसभा सीट से चुनाव लड़ रहा हूं। राजनीतिक भविष्य है। इससे मुझसे काफी लोग राजनीतिक दुर्भावना रखते हैं जो इस गिरोह से जुड़े हुए हैं।
गिरोह धमकी दे रहा है कि हमारे पास आपके एडिट किए फोटो और क्लिप हैं। सोशल मीडिया पर शेयर कर बदनाम कर राजनीति चौपट कर देंगे, अन्यथा 10 लाख रुपए हमें दे दो। नहीं तो उसका खामियाजा भुगतने के लिए तैयार रहो। यह गिरोह 10 लाख रुपए नहीं देने पर रेप का मामला दर्ज करवाने की धमकी दे रहा है।
